उत्तर भारत में गर्मी का कहर: दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में लू की स्थिति
भीषण गर्मी का सामना
उत्तर भारत इस समय अत्यधिक गर्मी का सामना कर रहा है। दिल्ली सहित कई राज्यों में लू जैसी स्थिति लगातार चौथे दिन बनी हुई है, जिससे लोगों के लिए घर से बाहर निकलना कठिन हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले कुछ दिनों में राहत मिलने की संभावना कम है।
दिल्ली का तापमान
हालिया आंकड़ों के अनुसार, दिल्ली के रिज क्षेत्र में गुरुवार को अधिकतम तापमान 45.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो कि दिल्ली-एनसीआर में सबसे अधिक है। सफदरजंग, जो राजधानी का आधिकारिक मौसम केंद्र है, वहां तापमान 43.6 डिग्री सेल्सियस रहा। पालम क्षेत्र में तापमान 44.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
बिजली की मांग में वृद्धि
गर्मी की बढ़ती लहर का असर बिजली की खपत पर भी स्पष्ट है। गुरुवार को दिल्ली में बिजली की मांग इस सीजन के उच्चतम स्तर 8,231 मेगावाट तक पहुंच गई। इससे पहले बुधवार को पहली बार इस साल बिजली की मांग 8,000 मेगावाट के पार गई थी।
अन्य राज्यों की स्थिति
दिल्ली के अलावा, उत्तर-पश्चिम, पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के कई क्षेत्रों में तापमान 40 से 47 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। उत्तर प्रदेश के बांदा में सबसे अधिक तापमान 47.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा, महाराष्ट्र के ब्रह्मपुरी में 47.1 डिग्री, छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव में 47 डिग्री और प्रयागराज में 46.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया है।
मौसम विभाग की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार, निचले वातावरण में चल रही शुष्क पश्चिमी और उत्तर-पश्चिमी हवाओं के कारण गर्मी बढ़ रही है। फिलहाल कोई पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय नहीं है, जिससे राहत की उम्मीद कम है। विभाग ने चेतावनी दी है कि दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में 27 से 28 मई तक भीषण लू चल सकती है।
उत्तर प्रदेश में गंभीर स्थिति
उत्तर प्रदेश में स्थिति और भी गंभीर है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने राज्य के कई क्षेत्रों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। अगले तीन दिनों तक गंभीर लू और गर्म रातों की चेतावनी दी गई है। कई जिलों में तापमान पहले ही 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है।
मानसून की उम्मीद
हालांकि, देश के अन्य हिस्सों से राहत की खबरें भी आई हैं। दक्षिण-पश्चिम मानसून ने अंडमान-निकोबार द्वीप समूह और बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में तेजी से आगे बढ़ना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में मानसून केरल समेत दक्षिण भारत के अन्य हिस्सों में प्रवेश कर सकता है।
भारी बारिश की संभावना
मौसम विभाग ने अगले सात दिनों के दौरान अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, तमिलनाडु, केरल और दक्षिणी कर्नाटक में भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके अलावा, कई राज्यों में तेज हवाओं और गरज-चमक के साथ बारिश होने का अनुमान है।
सावधानी बरतने की अपील
मौसम विभाग ने लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों और बाहर काम करने वाले व्यक्तियों को दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे तक धूप में निकलने से बचने की सलाह दी गई है। लोगों को पर्याप्त पानी पीने, हल्के रंग के कपड़े पहनने और शरीर को ठंडा रखने की सलाह दी गई है।
किसानों के लिए सलाह
किसानों को भी फसलों की सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम उठाने की सलाह दी गई है। भारी बारिश वाले क्षेत्रों में जलभराव और भूस्खलन जैसी समस्याओं की आशंका जताई गई है। इस समय देश का एक हिस्सा भीषण गर्मी से परेशान है, जबकि दूसरे हिस्से मानसून की दस्तक का इंतजार कर रहे हैं।
