उत्तर प्रदेश में हाई प्रोफाइल हत्याकांड का आरोपी 10 घंटे की पैरोल पर गांव पहुंचा
हत्याकांड की चर्चा फिर से गरमाई
उत्तर प्रदेश में एक बार फिर उस चर्चित हत्याकांड की बातें हो रही हैं, जिसने लगभग दस साल पहले दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हलचल मचा दी थी। इस मामले में तिहाड़ जेल में सजा काट रहा समौली गांव का वाजिद सोमवार को 10 घंटे की पैरोल पर अपने गांव आया।
निकाह की रस्म
दिल्ली पुलिस ने आरोपी को कड़ी सुरक्षा में उसके गांव पहुंचाया, जहां उसने मेरठ के पावटी अफजलपुर निवासी नसीम अहमद अंसारी की बेटी यासमीन से निकाह किया। दोनों परिवारों के बीच रिश्तेदारी भी बताई जा रही है। निकाह की प्रक्रिया पूरी होने के बाद, पुलिस ने वाजिद को फिर से तिहाड़ जेल वापस ले गई।
हत्याकांड का विवरण
करीब दस साल पहले, दिल्ली के एक फर्नीचर व्यापारी और उसके परिवार के छह सदस्यों की हत्या का मामला सामने आया था। इस घटना ने दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में सनसनी फैला दी थी। रिपोर्ट्स के अनुसार, व्यापारी के नौकर वाजिद ने अपने साथियों के साथ मिलकर इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया। उसने व्यापारी और उसके दो बेटों की हत्या के बाद उनके शवों को दिल्ली स्थित फ्लैट में गड्ढा खोदकर छिपा दिया।
इसके बाद, व्यापारी की पत्नी और दो बेटियों को मुजफ्फरनगर ले जाते समय वाजिद और उसके साथियों ने उनकी भी हत्या कर दी। शवों को समौली के अख्तियारपुर घाट पर काली नदी के किनारे दफनाया गया था। एक सप्ताह बाद, दिल्ली पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए सभी शव बरामद किए थे। वाजिद पिछले दस साल से तिहाड़ जेल में बंद है।
पुलिस की निगरानी में निकाह
सोमवार को, दिल्ली पुलिस की टीम वाजिद को लेकर दौराला थाने पहुंची। वहां से स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर टीम बमौरी गांव गई, जहां वाजिद का निकाह हुआ। इस दौरान वह पूरी तरह से पुलिस की निगरानी में रहा। निकाह की रस्म पूरी होने के बाद, पुलिस ने उसे वापस दिल्ली ले जाने की प्रक्रिया शुरू की।
इस घटना के बाद, इलाके में पूरे दिन इस पुराने हत्याकांड की चर्चा होती रही, जिसने एक समय पूरे क्षेत्र को हिला कर रख दिया था।
