ईरान में मोजतबा खामेनेई की स्वास्थ्य स्थिति पर बढ़ती चिंताएं
ईरान के नए सुप्रीम लीडर की स्वास्थ्य समस्याएं
मोजतबा खामेनेई की सेहत को लेकर चिंताएं बढ़ती जा रही हैं, खासकर मध्य पूर्व में चल रहे तनाव के बीच। हाल की रिपोर्टों में कहा गया है कि उनकी तबीयत खराब है और वे बेहोशी की स्थिति में हैं, जिससे देश के अंदर और बाहर अटकलें तेज हो गई हैं। सूत्रों के अनुसार, खामेनेई कोम में इलाज करा रहे हैं, लेकिन उनकी स्थिति पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, जिससे अनिश्चितता बढ़ गई है।
ईरान में नेतृत्व की स्थिति पर सवाल उठ रहे हैं क्योंकि मोजतबा खामेनेई की स्वास्थ्य स्थिति पर लगातार चर्चा हो रही है। रिपोर्टों के अनुसार, वे कोम में हैं और सार्वजनिक रूप से नजर नहीं आ रहे हैं। इस बीच, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के हाथों में सत्ता जाने की आशंका जताई जा रही है, जिससे राजनीतिक अस्थिरता बढ़ सकती है।
मोजतबा खामेनेई की सार्वजनिक अनुपस्थिति ने उनके शासन पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ईरानी सरकार भले ही यह दावा कर रही हो कि वे शासन कर रहे हैं, लेकिन उनकी गैर-मौजूदगी और फर्जी AI विज़ुअल्स ने स्थिति को संदिग्ध बना दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि असली सत्ता IRGC के हाथों में जा सकती है, जो खामेनेई को केवल एक प्रतीक के रूप में इस्तेमाल कर रही है।
मार्च 2026 में अपने पिता अली खामेनेई की मृत्यु के बाद मोजतबा ने सत्ता संभाली थी, जिन्हें युद्ध के दौरान अमेरिकी-इजरायली हमले में मारा गया था। हालांकि, उनके शासन की शुरुआत से ही विवाद और अस्थिरता बनी हुई है। कई विश्लेषक इसे वंशवादी सत्ता की वापसी मानते हैं, जबकि ईरान की इस्लामिक क्रांति ने पहले ऐसे सिस्टम का विरोध किया था। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि मोजतबा और उनके पिता के लिए एक बड़ा मकबरा तैयार किया जा रहा है, जिससे उनकी स्वास्थ्य स्थिति को लेकर और भी चिंताएं बढ़ गई हैं।
ईरान के अंदर भी तनाव बढ़ता दिख रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, कुछ विरोधी समूहों और सुरक्षा बलों के बीच झड़पें हुई हैं, जिससे देश में अस्थिरता और गहराने की संभावना है। मौजूदा युद्ध के बीच ईरान की शीर्ष नेतृत्व स्थिति पर उठ रहे सवाल न केवल देश की आंतरिक राजनीति बल्कि पूरे मध्य पूर्व की स्थिरता को प्रभावित कर सकते हैं। यदि खामेनेई शासन करने की स्थिति में नहीं हैं, तो सत्ता का संतुलन पूरी तरह से सैन्य संस्थाओं के हाथ में जा सकता है, जो क्षेत्रीय संघर्ष को और खतरनाक बना सकता है.
