आम आदमी पार्टी के सांसदों का भाजपा में शामिल होना: संजय सिंह की प्रतिक्रिया
सांसदों के पार्टी छोड़ने पर आम आदमी पार्टी की प्रतिक्रिया
राघव चड्ढा सहित सात राज्यसभा सांसदों द्वारा पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल होने की घोषणा के बाद, आम आदमी पार्टी (आप) ने अपनी पहली प्रतिक्रिया दी। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में, आप नेता संजय सिंह ने कहा कि पंजाब की जनता इन बागी सांसदों को कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली आम आदमी पार्टी की सरकार द्वारा किए गए अच्छे कार्यों में बाधा डालने का प्रयास किया है।
संजय सिंह ने यह भी कहा कि पंजाब सरकार के खिलाफ ऑपरेशन लोटस चलाया जा रहा है, जिसमें ईडी और सीबीआई का उपयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता इन 'गद्दारों' को कभी नहीं भूलेगी। उन्होंने बताया कि भगवंत मान की सरकार 300 यूनिट मुफ्त बिजली, बच्चों की शिक्षा और सूखी नहरों में पानी भरने का काम कर रही है। इसके अलावा, यह दलित और आदिवासी समुदायों की महिलाओं को 1,500 रुपये और माताओं को 1,000 रुपये प्रति माह सीधे उनके खातों में देती है।
सिंह ने यह भी कहा कि पंजाब में गंभीर बीमारियों के लिए 10 लाख रुपये तक का मुफ्त चिकित्सा उपचार उपलब्ध है। इन सभी कार्यों के बावजूद, नरेंद्र मोदी और अमित शाह के नेतृत्व वाली भाजपा ने भगवंत मान सरकार के कामकाज को बाधित करने का प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि पंजाब की जनता इस विश्वासघात को कभी नहीं भूलेगी।
राघव चड्ढा, अशोक कुमार मित्तल और संदीप पाठक 2022 से आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सदस्य हैं। चड्ढा ने कहा कि आम आदमी पार्टी अब अपने सिद्धांतों से भटक चुकी है और निजी लाभ के लिए काम कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि वह आम आदमी पार्टी से अलग होकर जनता के पास जा रहे हैं।
चड्ढा ने आगे कहा कि राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के दो-तिहाई सांसद भाजपा में विलय करने का निर्णय ले चुके हैं। उन्होंने कहा कि राज्यसभा में 10 सांसद हैं, जिनमें से दो-तिहाई से अधिक इस मामले में उनके साथ हैं।
