असम, केरल और पुडुचेरी में विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार समाप्त
चुनाव प्रचार का समापन
असम, केरल और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में विधानसभा चुनावों के लिए प्रचार आज शाम को समाप्त हो गया। असम में 126, केरल में 140 और पुडुचेरी में 30 सीटों पर मतदान गुरुवार को एक ही चरण में होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के बारपेटा, होजाई और डिब्रूगढ़ में जनसभाएं कीं, जहां उन्होंने भाजपा की जीत का विश्वास व्यक्त किया। मोदी ने कहा कि उनकी पार्टी और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) राज्य के हर क्षेत्र के विकास को प्राथमिकता दे रहे हैं। उन्होंने पिछले दस वर्षों में असम में शांति और समृद्धि की उपलब्धियों को भी रेखांकित किया।
भाजपा के दावे और विपक्ष के आरोप
भाजपा ने यह दावा किया है कि उसने चाय बागान में काम करने वालों को ज़मीन का मालिकाना हक दिया है, महिलाओं के लिए सशक्तीकरण योजनाएं शुरू की हैं, लड़कियों को वित्तीय सहायता प्रदान की है, और बाल विवाह में 84 प्रतिशत की कमी लाई है। भाजपा नेताओं ने यह भी कहा कि राज्य में बहुविवाह को रोकने के लिए समान नागरिक संहिता लागू की जाएगी। दूसरी ओर, विपक्षी कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने भाजपा पर नफरत की राजनीति करने और भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं, खासकर मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा और उनके परिवार के सदस्यों पर।
पुडुचेरी और केरल में चुनाव प्रचार
पुडुचेरी में चुनाव प्रचार का माहौल काफी गर्म रहा, जहां प्रमुख नेताओं ने रैलियों और जनसभाओं को संबोधित किया। भाजपा के अमित शाह, कांग्रेस के राहुल गांधी और डीएमके के एम. के. स्टालिन ने चुनाव प्रचार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। केरल में भी विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने सभाएं और रोड शो आयोजित किए। चारों राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश के लिए वोटों की गिनती अगले महीने की 4 तारीख को होगी।
निर्वाचन आयोग की चेतावनी
निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि इस महीने हो रहे पांच विधानसभा चुनावों के लिए नौ अप्रैल की सुबह सात बजे से 29 अप्रैल की शाम 6.30 बजे तक एग्जिट पोल का प्रसारण नहीं किया जा सकता है। आयोग ने चेतावनी दी है कि इस अवधि में एग्जिट पोल आयोजित करना या प्रसारित करना जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 126 ए का उल्लंघन है, जिसके लिए दो साल तक की कैद, जुर्माना या दोनों दंड का प्रावधान है।
