अभिषेक बनर्जी का बयान: बागी सांसदों को इस्तीफा देना चाहिए
टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला से मुलाकात के बाद बागी सांसदों को चेतावनी दी है कि उन्हें इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ सांसद जनता को धोखा दे रहे हैं। सीपीआई के डी. राजा ने भी टीएमसी के संकट पर टिप्पणी की है। जानें इस राजनीतिक घटनाक्रम के बारे में और क्या कहा गया है।
| Jun 19, 2026, 18:50 IST
अभिषेक बनर्जी का ओम बिरला से मिलना
लोकसभा के स्पीकर ओम बिरला से मुलाकात के बाद, टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने कहा कि यदि किसी सांसद को उनके बयान से आपत्ति है, तो उन्हें उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने अदालत में अपनी बात साबित करने का आश्वासन दिया। बनर्जी ने आरोप लगाया कि कुछ लोग जनता को डराकर और पैसे का लालच देकर धोखा दे रहे हैं, जबकि जनता ने उन्हें उम्मीदों के साथ चुना था। उन्होंने कहा कि राजनीति में जीत और हार सामान्य हैं, लेकिन जो लोग बीजेपी के खिलाफ लड़ने से कतराते हैं और अपनी आत्मा बेचने को तैयार हैं, उनके लिए बंगाल में कोई स्थान नहीं है।
सीपीआई महासचिव का बयान
दिल्ली में अभिषेक बनर्जी की मुलाकात पर सीपीआई के राष्ट्रीय महासचिव डी. राजा ने टिप्पणी की कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) गंभीर संकट का सामना कर रही है। यह केवल राजनीतिक संकट नहीं है, बल्कि संगठनात्मक संकट भी है। रिपोर्टों से स्पष्ट है कि पार्टी में विभाजन हो चुका है, और यह तय करना होगा कि किस गुट को मान्यता दी जाएगी। राजा ने कहा कि इन मुद्दों का समाधान संसदीय परंपराओं और दलबदल विरोधी कानून के आधार पर होना चाहिए। चुनावों के बाद टीएमसी जैसी पार्टियाँ गहरे संकट में हैं।
कुणाल घोष का बागी सांसदों पर हमला
टीएमसी के विधायक कुणाल घोष ने शुक्रवार को पार्टी के बागी सांसदों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जो सांसद एनडीए में शामिल होने की योजना बना रहे हैं, उन्हें पहले संसद से इस्तीफा देना चाहिए। पार्टी में गुटबाजी और विलय की कोशिशों के कारण संकट बढ़ गया है। घोष ने कहा कि पार्टी के फंड के बारे में कोई जानकारी नहीं है क्योंकि उनका फंड विभाग से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि 2024 में जो लोग जीते, वे बीजेपी-विरोधी वोटरों के रूप में थे, लेकिन चुनाव के बाद उनका इससे कोई संबंध नहीं रहा।
