अनंतनाग में आतंकी हमले के बाद सुरक्षा स्थिति की समीक्षा

अनंतनाग में हुए आतंकी हमले के बाद, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने शहीद हेड कॉन्स्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी को श्रद्धांजलि दी और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भी इस कायरतापूर्ण हमले की निंदा की। जानें इस हमले के बारे में और क्या कहा गया।
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सुरक्षा स्थिति की समीक्षा

अनंतनाग में हाल ही में हुए आतंकी हमले के बाद, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने बुधवार को पुलिस महानिदेशक (DGP) नलिन प्रभात के साथ मिलकर सुरक्षा हालात का जायजा लिया। ड्यूटी के दौरान शहीद हुए हेड कॉन्स्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी को श्रद्धांजलि देते हुए, सिन्हा ने उनके परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि अनंतनाग में हुए हमले के बाद स्थिति की समीक्षा के लिए मैंने DGP नलिन प्रभात से चर्चा की। शहीद हेड कॉन्स्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी के परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। उन्होंने कहा कि पूरा देश शहीद के परिवार के साथ खड़ा है। मैं इस कायरतापूर्ण हमले की कड़ी निंदा करता हूं और कहा कि इस घिनौने कृत्य के दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। जम्मू-कश्मीर पुलिस और हमारे सुरक्षा बल मौके पर मौजूद हैं और दोषियों को सजा दिलाने का प्रयास करेंगे।


मुख्यमंत्री का बयान

जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने बुधवार को अनंतनाग में ड्यूटी के दौरान आतंकी हमले में शहीद हुए हेड कॉन्स्टेबल आशिक हुसैन की मौत पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में इस हमले को कायरतापूर्ण करार दिया और शहीद के परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं इस हमले की कड़ी निंदा करता हूं और अल्लाह से प्रार्थना करता हूं कि उन्हें जन्नत में सर्वोच्च स्थान मिले।


हमले का विवरण

अधिकारियों के अनुसार, बुधवार को अनंतनाग शहर में अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा में तैनात पुलिस पार्टी पर संदिग्ध आतंकवादियों ने गोलीबारी की, जिसमें 35 वर्षीय हेड कॉन्स्टेबल आशिक हुसैन कुरैशी की मौत हो गई। यह हमला अनंतनाग के लाल चौक पर दोपहर करीब 12:30 बजे हुआ। गोलीबारी के दौरान हेड कॉन्स्टेबल गंभीर रूप से घायल हो गए।