अखिलेश यादव ने 2027 चुनावों में सत्ता में वापसी का विश्वास जताया
समाजवादी पार्टी की चुनावी रणनीति
समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव ने कहा है कि उनकी पार्टी 2027 के विधानसभा चुनावों में उत्तर प्रदेश में फिर से सत्ता में आएगी। उन्होंने यह भी बताया कि विपक्षी गठबंधन मजबूत बना रहेगा। रेवाड़ी में संवाददाताओं से बातचीत करते हुए यादव ने संकेत दिया कि समाजवादी पार्टी कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव लड़ने की योजना बना रही है। उन्होंने कहा, "इंडिया ब्लॉक बना रहेगा, और कांग्रेस हमारे साथ होगी।"
यादव ने यह स्पष्ट किया कि सीटों का बंटवारा चुनावी ताकत के आधार पर होगा, न कि केवल संख्या के आधार पर। उन्होंने कहा, "हमारे लिए मुद्दा सीटों की संख्या नहीं है; असली मुद्दा जीतने की क्षमता है। जो उम्मीदवार जीत सकते हैं, उन्हें ही टिकट दिया जाएगा."
भाजपा पर हमला
भाजपा को निशाना बनाते हुए यादव ने कहा कि पश्चिम बंगाल सहित सभी राज्यों में चल रहे विधानसभा चुनावों में सत्ताधारी पार्टी को हार का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा, "यह स्वाभाविक है कि जो सदन में हारता है, वह बाहर भी हारता है।"
लखनऊ में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए यादव ने भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए की कड़ी आलोचना की और कहा कि उसने केंद्र में शासन करने का नैतिक अधिकार खो दिया है।
महिला आरक्षण पर यादव की टिप्पणी
यादव ने लोकसभा में महिला आरक्षण कानून से संबंधित संविधान संशोधन विधेयक को पारित करने में भाजपा की विफलता का उल्लेख करते हुए कहा कि यह इस बात का प्रमाण है कि भाजपा जनता की इच्छाओं का प्रतिनिधित्व नहीं करती। उन्होंने कहा, "भाजपा विपक्ष को महिला विरोधी कहती है, लेकिन असल में, भाजपा खुद महिला विरोधी है।"
उन्होंने यह भी कहा कि भाजपा ने कभी किसी महिला को पार्टी का अध्यक्ष नहीं बनाया और 'नारी' का नारा केवल वोट के लिए दिया गया है।
अहीर रेजिमेंट की मांग
भारतीय सेना में अहीर रेजिमेंट की मांग पर यादव ने अपना समर्थन दोहराया। उन्होंने कहा कि केवल अहीर रेजिमेंट ही नहीं, बल्कि गुजरात रेजिमेंट भी होनी चाहिए, क्योंकि गुजरात से कम लोग सेना में भर्ती होते हैं। इससे राज्य के लोगों को सशस्त्र बलों में शामिल होने की प्रेरणा मिलेगी।
