आतंकवाद और हिंसा के साथ खड़ी हैं महबूबा मुफ्ती : नलिन कोहली

नई दिल्ली, 29 सितंबर (आईएएनएस)। इजरायली सेना के द्वारा की गई बमबारी में हिजबुल्लाह प्रमुख नसरल्लाह के बाद भारत में पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने दुख प्रकट किया था। मुफ्ती ने नसरल्लाह को शहीद बताते हुए अपनी चुनावी रैली को भी रद्द कर दिया। इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता और भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता नलिन कोहली ने प्रतिक्रिया दी है।
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नई दिल्ली, 29 सितंबर (आईएएनएस)। इजरायली सेना के द्वारा की गई बमबारी में हिजबुल्लाह प्रमुख नसरल्लाह के बाद भारत में पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने दुख प्रकट किया था। मुफ्ती ने नसरल्लाह को शहीद बताते हुए अपनी चुनावी रैली को भी रद्द कर दिया। इसे लेकर सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता और भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता नलिन कोहली ने प्रतिक्रिया दी है।

कोहली ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, "महबूबा मुफ्ती को अब कई बातों का जवाब देना पड़ेगा। क्या वह शांति और सद्भाव के रास्ते पर हैं, क्या वह इन चीजों के साथ खड़ी होंगी? या फिर पूरी दुनिया में आतंकवाद और हिंसा को लेकर जो भी कुछ हो रहा है, वह उसके साथ खड़ी होंगी?"

उन्होंने आगे कहा कि मुफ्ती के बयान पर एक और सवाल उठता है, जिसका जवाब उन्हें देना होगा। जब जम्मू-कश्मीर एक राज्य था। जब वहां अनुच्छेद 370 लागू था। लाखों लोग आतंकवाद के घेरे में आए और मारे गए। हमारे जवान वहां शहीद हुए। जम्मू-कश्मीर में हिंदुओं पर अत्याचार हुए। ​​महबूबा मुफ्ती ने ऐसा बयान दिया है, तो इससे साबित होता है कि वह आतंकवाद और हिंसा के साथ खड़ी हैं।

उन्होंने आगे कहा कि जब जम्मू-कश्मीर में हिंसा हो रही थी, तब वह मुंह फेरकर दूसरी तरफ देख रही थीं। यह बहुत गंभीर सवाल है और उन्हें इसका जवाब देना होगा।

गौरतलब है कि पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने शनिवार (28 सितंबर) को कहा कि वह 29 सितंबर (रविवार) को होने वाला अपना राजनीतिक अभियान रद्द कर रही हैं क्योंकि हिज़्बुल्लाह ने पुष्टि की है कि इजराइल ने उसके प्रमुख हसन नसरल्लाह को मार दिया है।

जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म 'एक्स' पर इस बारे में घोषणा की थी। उन्होंने लिखा था," लेबनान और गाजा के शहीदों, खास तौर पर हसन नसरल्लाह के साथ एकजुटता दिखाने के लिए मैं कल अपना अभियान रद्द कर रही हूं। हम इस दुख और अनुकरणीय प्रतिरोध की घड़ी में फिलिस्तीन और लेबनान के लोगों के साथ खड़े हैं।"

--आईएएनएस

आरके/एएस