IIT बॉम्बे में छात्र की मौत के बाद छात्रों का प्रदर्शन, परीक्षा में AI के उपयोग का मामला

IIT बॉम्बे में एक छात्र की मौत के बाद छात्रों ने प्रशासन से जवाबदेही की मांग की। छात्र की मौत का मामला परीक्षा में AI के उपयोग से जुड़ा है, जिसमें छात्र ने ChatGPT का इस्तेमाल किया था। छात्रों ने मानसिक स्वास्थ्य और प्रशासनिक मुद्दों पर भी सवाल उठाए। जानें इस घटना के बाद क्या हुआ और छात्रों की चिंताएं क्या हैं।
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छात्र की मौत और प्रदर्शन का कारण

मुंबई के पवई में स्थित IIT बॉम्बे में एक दूसरे वर्ष के छात्र की मौत के बाद परिसर में छात्रों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। यह छात्र ऊर्जा विज्ञान एवं इंजीनियरिंग विभाग में अध्ययन कर रहा था। यह घटना 18 सितंबर 2026 को हुई, जब छात्र को परीक्षा के दौरान मोबाइल फोन का उपयोग करते हुए पकड़ा गया। संस्थान के अनुसार, उसने प्रश्नपत्र को ChatGPT पर अपलोड कर उत्तर प्राप्त करने की कोशिश की थी.


AI के उपयोग का मामला

IIT बॉम्बे के आधिकारिक बयान में कहा गया है कि परीक्षा के दौरान छात्र के पास मोबाइल फोन पाया गया था। संस्थान ने बताया कि छात्र ने प्रश्नपत्र को ChatGPT पर अपलोड किया था। इसके बाद, संबंधित शिक्षक और विभागाध्यक्ष ने छात्र से बातचीत की और उसे काउंसलिंग प्रदान की। IIT बॉम्बे ने स्पष्ट किया कि इस मामले में छात्र के खिलाफ कोई औपचारिक अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई थी.


छात्र की मौत के बाद का माहौल

छात्र की मौत की खबर फैलने के बाद IIT बॉम्बे के परिसर में बड़ी संख्या में छात्र एकत्र हुए और प्रशासन से जवाबदेही तथा पारदर्शिता की मांग की। रिपोर्टों के अनुसार, 400 से अधिक छात्रों ने इस प्रदर्शन में भाग लिया। छात्रों ने प्रशासन से घटना की परिस्थितियों और छात्रों से जुड़े मुद्दों पर स्पष्ट जवाब मांगा.


प्रदर्शन के दौरान बातचीत

प्रदर्शन के दौरान छात्रों और प्रशासन के बीच बातचीत भी हुई। स्थिति को देखते हुए पुलिस को कैंपस में तैनात किया गया। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच जारी है और संबंधित छात्रों व अन्य लोगों से जानकारी जुटाई जा रही है.


मिड-सेमेस्टर परीक्षाओं पर प्रभाव

घटना के बाद चल रही मिड-सेमेस्टर परीक्षाओं को स्थगित करने की भी खबरें आई हैं। छात्रों का कहना है कि वे पहले प्रशासन से बातचीत और घटना के बारे में स्पष्टता चाहते हैं। संस्थान के निदेशक ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों से बातचीत की और उनकी चिंताओं को सुना.


मानसिक स्वास्थ्य और प्रशासनिक मुद्दे

प्रदर्शन के दौरान कुछ छात्रों ने संस्थान में मानसिक स्वास्थ्य, छात्रों पर पड़ने वाले दबाव और प्रशासन के साथ संवाद से जुड़े सवाल उठाए। वहीं, कुछ छात्रों ने यह भी अपील की कि घटना के बाद जल्दबाजी में किसी को जिम्मेदार ठहराने के बजाय जांच पूरी होने का इंतजार किया जाना चाहिए.


संस्थान की प्रतिक्रिया

IIT बॉम्बे ने छात्र की मौत पर दुख व्यक्त करते हुए कहा है कि वह उसके दोस्तों, सहपाठियों, शिक्षकों और घटना से प्रभावित अन्य लोगों को सहायता प्रदान कर रहा है। संस्थान ने यह भी कहा कि मौत की परिस्थितियों की जांच संबंधित अधिकारी कर रहे हैं.


मामले की स्थिति

फिलहाल, यह स्पष्ट है कि परीक्षा के दौरान मोबाइल और AI टूल के उपयोग की घटना हुई थी, लेकिन IIT बॉम्बे के अनुसार छात्र के खिलाफ कोई औपचारिक अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई थी। छात्र की मौत के कारणों का अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। छात्रों का प्रदर्शन इसी बीच प्रशासन से जवाबदेही और पारदर्शिता की मांग को लेकर जारी रहा.