भारतीय गोल्फर विजय कुमार का निधन, खेल जगत में शोक की लहर
भारतीय गोल्फर विजय कुमार का निधन
प्रसिद्ध भारतीय गोल्फर विजय कुमार का निधन उनके गृह नगर लखनऊ में दिल का दौरा पड़ने से हुआ। उनकी उम्र 57 वर्ष थी। विजय, जो 2002 में इंडियन ओपन के विजेता रहे, भारतीय पेशेवर गोल्फ के सबसे सफल और सम्मानित खिलाड़ियों में से एक माने जाते थे।
गोल्फ करियर की शुरुआत
विजय ने 1988 में पेशेवर गोल्फर के रूप में अपने करियर की शुरुआत की। उन्होंने एक दशक से अधिक समय तक भारतीय घरेलू गोल्फ पर अपनी छाप छोड़ी और इस दौरान कई खिताब जीते। उनकी इंडियन ओपन 2002 में जीत विशेष रूप से उल्लेखनीय रही, जिससे वह इस प्रतियोगिता को जीतने वाले नौ भारतीय गोल्फरों में शामिल हो गए।
डनहिल कप में भारत का प्रतिनिधित्व
विजय ने 1999 में स्कॉटलैंड के सेंट एंड्रयूज में अल्फ्रेड डनहिल कप में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया। 'डीपी वर्ल्ड प्रोफेशनल गोल्फ टूर ऑफ इंडिया' के अध्यक्ष कपिल देव ने विजय के निधन को भारतीय गोल्फ के लिए एक बड़ी क्षति बताया।
कपिल देव की संवेदनाएं
कपिल देव ने कहा, 'विजय कुमार भारतीय गोल्फ के महान खिलाड़ियों में से एक थे। उनकी उपलब्धियों, विनम्रता और खेल के प्रति समर्पण ने उन्हें कई पीढ़ियों के गोल्फरों के लिए आदर्श बना दिया। उनका निधन भारतीय गोल्फ के लिए एक बड़ी क्षति है। हम उनके परिवार और प्रियजनों के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त करते हैं।'
अन्य खेलों में भी दुखद समाचार
भारतीय हॉकी के पूर्व खिलाड़ी और 1968 मैक्सिको ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने वाली टीम के सदस्य गुरबख्श सिंह ग्रेवाल का भी हाल ही में पंजाब के जीरकपुर में निधन हो गया।
लंदन मैराथन में सबेस्टियन सावे की उपलब्धि
लंदन मैराथन में केन्या के सबेस्टियन सावे ने 1 घंटे, 59 मिनट और 30 सेकंड में दौड़ पूरी करके नया रिकॉर्ड बनाया। 31 वर्षीय सावे ने कभी भी मैराथन न हारने का अपना रिकॉर्ड भी बनाए रखा।
