बेंगलुरु में अंतरराष्ट्रीय खाट तस्करी गिरोह का भंडाफोड़
बेंगलुरु में खाट तस्करी का खुलासा
नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने बेंगलुरु में एक बड़े अंतरराष्ट्रीय खाट तस्करी नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। इस कार्रवाई में, जो खुफिया जानकारी पर आधारित थी, NCB ने लगभग 160 किलो खाट की पत्तियां जब्त की हैं, जिनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 8 करोड़ रुपये आंकी गई है.
यह कर्नाटक में अब तक की सबसे बड़ी खाट की बरामदगी मानी जा रही है, खासकर तब से जब 2018 में खाट को NDPS एक्ट के तहत साइकोट्रॉपिक पदार्थों की सूची में शामिल किया गया था.
जांच में यह पता चला है कि यह खाट इथियोपिया से केन्या के माध्यम से भारत लाई जा रही थी। इस तस्करी के पीछे एक संगठित गिरोह है, जो 20 से अधिक देशों में फैला हुआ है, जिसमें इथियोपिया, केन्या, खाड़ी देश, मध्य पूर्व, यूरोप और उत्तरी अमेरिका शामिल हैं.
NCB के अनुसार, इस गिरोह ने अब तक लगभग 550 पार्सल, यानी करीब 2100 किलो खाट, विदेशों में भेजी है, जिसमें अमेरिका, यूरोप और खाड़ी देशों के नाम शामिल हैं। जिन पार्सलों की खेप अभी रास्ते में है, उनकी जानकारी संबंधित देशों की एजेंसियों को भेजी गई है ताकि वहां भी कार्रवाई की जा सके.
तस्कर इंटरनेशनल पोस्ट और कूरियर सेवाओं का उपयोग कर रहे थे, और खाट को चाय या सामान्य व्यापारिक सामान बताकर भेजा जा रहा था। बेंगलुरु में कई स्थानों पर इसे स्टोर किया जाता था, फिर छोटे हिस्सों में तोड़कर आगे सप्लाई किया जाता था। जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह में अधिकांश विदेशी नागरिक शामिल हैं, जिन्हें स्थानीय लोगों का सहयोग प्राप्त था.
कई आरोपी भारत में छात्र और मेडिकल वीजा पर रह रहे थे और यहीं से पूरे नेटवर्क का संचालन कर रहे थे। NCB ने स्पष्ट किया है कि भले ही खाट भारत में बहुत प्रचलित न हो, यह एक गैरकानूनी और खतरनाक साइकोट्रॉपिक ड्रग है, और इसकी तस्करी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी.
