ऑस्ट्रेलिया की सरकार बच्चों की डिजिटल सुरक्षा को लेकर गंभीर कदम उठा रही है। हाल ही में, 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर प्रतिबंध लगाया गया था। इसके बाद, प्रधानमंत्री Anthony Albanese की सरकार अब AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) प्लेटफार्मों जैसे ChatGPT, Replika और Anthropic के Claude पर भी कार्रवाई करने की योजना बना रही है। सरकार का मानना है कि इंस्टाग्राम और टिकटॉक की तरह, AI का अनियंत्रित उपयोग भी बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।
सोशल मीडिया पर प्रतिबंध के बाद अब AI पर ध्यान
ऑस्ट्रेलिया ने हाल ही में एक नया कानून पारित किया है, जिसके अनुसार 16 साल से कम उम्र के बच्चों का सोशल मीडिया खाता रखना अपराध माना जाएगा। अब सरकार AI चैटबॉट्स पर भी नियंत्रण लगाने की तैयारी कर रही है। अधिकारियों को चिंता है कि AI बच्चों को ऐसी जानकारी दे सकता है जो उनकी उम्र के लिए अनुपयुक्त है। इसके अलावा, बच्चे होमवर्क और अन्य कार्यों के लिए AI पर अत्यधिक निर्भर हो रहे हैं, जिससे उनकी सोचने की क्षमता प्रभावित हो सकती है। AI बॉट्स बच्चों का डेटा इकट्ठा कर सकते हैं, जिसका दुरुपयोग हो सकता है। इन चिंताओं के मद्देनजर, सरकार AI पर प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है।
कंपनियों को दी गई चेतावनी
ऑस्ट्रेलियाई सरकार के संचार मंत्री ने स्पष्ट किया है कि वे AI कंपनियों के लिए भी सोशल मीडिया के समान सख्त नियम बनाने पर विचार कर रहे हैं। सरकार चाहती है कि ये कंपनियां एक ऐसा एज वेरिफिकेशन सिस्टम विकसित करें, जिससे बच्चे धोखा न दे सकें। यदि कोई कंपनी बच्चों को अपने प्लेटफॉर्म का उपयोग करने की अनुमति देती है, तो उस पर भारी जुर्माना लगाया जा सकता है।
क्या ChatGPT पर प्रतिबंध लगेगा?
सरकार AI को पूरी तरह से प्रतिबंधित करने के बजाय 'सुरक्षित उपयोग' पर जोर दे रही है। वे चाहती हैं कि बिना माता-पिता की अनुमति के बच्चे AI का उपयोग न कर सकें। बच्चों के लिए AI के उत्तर अलग होंगे, जिनमें हिंसा या अश्लीलता नहीं होगी। इसके साथ ही, स्कूलों में AI के उपयोग के लिए कड़े नियम बनाए जाएंगे।
ऑस्ट्रेलिया का कदम वैश्विक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण
ऑस्ट्रेलिया का यह कदम एक 'वैश्विक परीक्षण' के रूप में देखा जा रहा है। यदि ऑस्ट्रेलिया इसमें सफल होता है, तो भारत सहित कई अन्य देश भी बच्चों के लिए AI और सोशल मीडिया पर इसी तरह की पाबंदियाँ लागू कर सकते हैं। हालांकि यह निर्णय बच्चों के लिए कठिन हो सकता है, लेकिन यह उनके मानसिक विकास के लिए आवश्यक है।
