ईरान का उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान पहुंचा, वार्ता की तैयारी

ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर ग़ालिबाफ के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद पहुंचा है। यह दौरा अमेरिका के साथ संघर्ष समाप्त करने के लिए वार्ता की तैयारी के तहत हो रहा है। ग़ालिबाफ ने सोशल मीडिया पर उन बच्चों की भावुक तस्वीरें साझा की हैं, जो हाल ही में इजराइल और अमेरिकी हमले में मारे गए थे। उन्होंने बातचीत में ईमानदारी से भाग लेने की बात की, लेकिन अमेरिका पर भरोसा नहीं करने की चिंता भी व्यक्त की।
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ईरान का प्रतिनिधिमंडल इस्लामाबाद में

ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर ग़ालिबाफ के नेतृत्व में एक महत्वपूर्ण प्रतिनिधिमंडल पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद पहुंचा है। यह यात्रा उस समय हो रही है जब अमेरिका के साथ संघर्ष समाप्त करने के लिए बातचीत की तैयारी चल रही है। फ़ार्स न्यूज़ एजेंसी के अनुसार, इस प्रतिनिधिमंडल में सुरक्षा, राजनीतिक, सैन्य, आर्थिक और कानूनी मामलों के विशेषज्ञ शामिल हैं.


भावुक तस्वीरों का साझा

इस बीच, स्पीकर ग़ालिबाफ ने सोशल मीडिया पर एक भावुक तस्वीर साझा की है। यह तस्वीर उन बच्चों की है, जो 28 फरवरी को इजराइल और अमेरिकी हमले में मारे गए थे। इस हमले में मीनाब शहर के एक स्कूल को निशाना बनाया गया था, जिसमें 160 से अधिक बच्चियों की जान गई थी। यह घटना पूरी दुनिया को झकझोर देने वाली थी.


ग़ालिबाफ की संवेदनशीलता

ग़ालिबाफ ने तस्वीर के साथ लिखा, 'मेरे इस सफर के साथी।' उन्होंने बच्चों की तस्वीरों और बैग को फ्लाइट में सीटों पर रखा है, साथ ही उनके जूते भी रखे हुए हैं। जूतों पर खून लगा हुआ है, जो उस दर्द को दर्शाता है। हर सीट पर एक फूल रखा गया है। ग़ालिबाफ मासूम बच्चों के चेहरों को निहारते हुए खामोश खड़े हैं, जो इस हमले के दर्द को बयां करता है.


ईरान की वार्ता में ईमानदारी

इस्लामाबाद में बोलते हुए ग़ालिबाफ ने कहा कि ईरान बातचीत में पूरी ईमानदारी से भाग ले रहा है, लेकिन अमेरिका पर भरोसा नहीं करता। उन्होंने बताया कि पिछले अनुभव सकारात्मक नहीं रहे हैं, जिससे तेहरान सतर्क है। उन्होंने कहा कि ईरान पर दो युद्ध छेड़े गए, जबकि वह वार्ता प्रक्रिया में था.


वार्ता की शर्तें

रिपोर्ट के अनुसार, ईरान ने स्पष्ट किया है कि औपचारिक वार्ता तभी शुरू होगी जब अमेरिका उसकी पूर्व शर्तों को स्वीकार करेगा। तेहरान का मानना है कि पहले से किए गए वादों को पूरा करना आवश्यक है, तभी किसी नए समझौते की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है.


वरिष्ठ नेताओं की भागीदारी

ईरान के प्रतिनिधिमंडल में सुरक्षा, राजनीतिक, सैन्य, आर्थिक और कानूनी समितियों के सदस्य शामिल हैं। इसके अलावा, ग़ालिबाफ के साथ ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची और राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद में ईरान के नेता के प्रतिनिधि अली अकबर अहमदीन भी मौजूद हैं। इन वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति इस वार्ता के महत्व को दर्शाती है.