ईरान और इजरायल के बीच तनाव बढ़ा, अमेरिका ने हमलों को रोका
संघर्ष की स्थिति
नई दिल्ली। अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष को लेकर बातचीत की कोशिशें तेज हो गई हैं, लेकिन हालात सामान्य नहीं हो रहे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति ने ईरान के ऊर्जा और पावर ढांचे पर संभावित हमलों को पांच दिनों के लिए टालने की घोषणा की है। हालिया घटनाक्रम में इजरायल ने आरोप लगाया है कि ईरान ने मिसाइलें दागी हैं। कुवैत ने भी ड्रोन हमलों का दावा किया है।
इजरायली सेना की चेतावनी
इजरायली सेना ने आज सुबह नागरिकों के लिए एक आपातकालीन चेतावनी जारी की है। सेना ने बताया कि ईरान की ओर से उनके क्षेत्र में और मिसाइलें दागी गई हैं, जिससे तनाव में वृद्धि हुई है। एक संक्षिप्त बयान में सेना ने पुष्टि की कि उनके हवाई रक्षा तंत्र सक्रिय हैं और आने वाली मिसाइलों को रोकने के लिए काम कर रहे हैं। प्रभावित क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया गया है।
कुवैती सेना की प्रतिक्रिया
इस बीच, कुवैती सेना ने एक घंटे के भीतर दूसरी बार कहा है कि उनकी हवाई सुरक्षा प्रणाली मिसाइल और ड्रोन हमलों का जवाब दे रही है। उन्होंने लोगों से अधिकारियों द्वारा जारी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
ईरान के हमलों का दावा
ईरान की एक अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी ने प्रमुख ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर नए हवाई हमलों की जानकारी दी है, जिससे पहले से ही अस्थिर स्थिति में और अनिश्चितता बढ़ गई है। फार्स समाचार एजेंसी के अनुसार, मंगलवार तड़के दो अलग-अलग ऊर्जा स्थलों को निशाना बनाया गया।
ट्रंप की समय सीमा
ये हमले ऐसे समय में हुए हैं, जब अमेरिकी राष्ट्रपति ने सोमवार को ईरान के लिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को फिर से खोलने की समय सीमा बढ़ा दी। उन्होंने कहा कि अमेरिका ईरान के बिजली संयंत्रों पर हमले को पांच और दिनों तक टालने का निर्णय लिया है।
