रेलवे स्टेशन पर बिकने वाले दंत-मंजन: फायदे या नुकसान?
दांतों के लिए खतरा
रेलवे स्टेशन पर मिलने वाला दंत-मंजन दांतों के लिए एक गंभीर खतरा बन सकता है। इसके उपयोग से दांतों में दर्द और खराबी आ सकती है, साथ ही मसूड़ों में सूजन भी हो सकती है। आइए जानते हैं कि डॉक्टर इस पर क्या सलाह देते हैं।
क्या सच में काम करते हैं ये उत्पाद?
आपने कभी न कभी ट्रेन या बस में दांत मंजन का पैकेट लिए लोगों को देखा होगा, जो दावा करते हैं कि इससे दांत चमक उठेंगे। यह उत्पाद सस्ते होते हैं और दांतों की समस्याओं को दूर करने का वादा करते हैं। लेकिन क्या ये वास्तव में प्रभावी हैं या दांतों को और नुकसान पहुंचाते हैं? इस लेख में हम इसकी सच्चाई जानेंगे।
विशेषज्ञों की चेतावनी
मौलाना आजाद इंस्टीट्यूट ऑफ डेंटल साइंसेज के प्रोफेसर विक्रांत मोहंती का कहना है कि ये सस्ते दंत-मंजन और टूथपेस्ट ओरल हेल्थ के लिए बेहद हानिकारक होते हैं। इनसे मुँह और दांतों से जुड़ी कई बीमारियाँ उत्पन्न हो सकती हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि इन सस्ते उत्पादों में किसी भी कंपनी की जानकारी नहीं होती है, और यदि होती भी है, तो वह अक्सर फर्जी होती है। इनका उपयोग करने से दांतों की ऊपरी परत को नुकसान पहुँचता है और गंभीर मसूड़ों की बीमारियाँ हो सकती हैं।
गरीबों को किया जा रहा टारगेट
इन सस्ते उत्पादों को गरीब लोग अधिक खरीदते हैं, क्योंकि उन्हें कम कीमत में दांतों को चमकाने का अवसर मिलता है। देश में कई लोग दांतों की समस्याओं से जूझ रहे हैं, जैसे कैविटी, मसूड़ों का दर्द और मुँह का कैंसर। ये उत्पाद राष्ट्रीय मौखिक स्वास्थ्य कार्यक्रम को कमजोर कर रहे हैं।
सुरक्षित रहने के लिए सही उत्पाद का चयन
प्रोफेसर मोहंती लोगों को सलाह देते हैं कि दांतों की सफाई के लिए केवल प्रमाणित और सुरक्षित उत्पादों का ही उपयोग करें। सरकार को बिना मंजूरी वाले उत्पादों पर सख्त रोक लगानी चाहिए ताकि इनकी बिक्री को रोका जा सके। इसके अलावा, लोगों को विश्वसनीय ब्रांड का ही उपयोग करना चाहिए, क्योंकि सस्ते उत्पाद दांतों की समस्याओं को और बढ़ा सकते हैं।
