भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट, निफ्टी और सेंसेक्स में गिरावट का सामना
शेयर बाजार में गिरावट का कारण
भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार, 27 मार्च को महत्वपूर्ण गिरावट देखी गई, जिससे पिछले दो दिनों की तेजी पर विराम लग गया। NSE निफ्टी 50 में लगभग 2.04% की कमी आई, जो 22,831 के स्तर तक पहुंच गया। इसी तरह, BSE सेंसेक्स भी लगभग 2.2% या 1,652 अंक गिरकर 73,621.17 पर आ गया। गुरुवार को सार्वजनिक अवकाश के कारण बाजार बंद था, लेकिन शुक्रवार को खुलते ही बाजार पर दबाव देखने को मिला, और NSE के सभी सेक्टोरल इंडेक्स लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। निफ्टी PSU बैंक इंडेक्स में सबसे अधिक गिरावट देखी गई, जो लगभग 3.8% तक टूट गया।
वैश्विक संकेतों का प्रभाव
वैश्विक संकेतों ने भी भारतीय बाजार पर असर डाला। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई है, क्योंकि लंबे समय से चल रहे जियो-पॉलिटिकल संकट में कुछ कमी आई है। WTI क्रूड 1.5% गिरकर 93.07 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जबकि ब्रेंट क्रूड 0.7% गिरकर 100.57 डॉलर प्रति बैरल हो गया।
यूरोपीय बाजारों में भी गिरावट
यूरोपीय बाजारों में भी कमजोरी का माहौल रहा। पैन-यूरोपियन स्टॉक्स 600 इंडेक्स 0.8% गिरा, जो एशियाई बाजारों और वॉल स्ट्रीट की पिछली गिरावट के अनुरूप है। जर्मनी का DAX 0.9% नीचे खुला, जबकि फ्रांस का CAC 40 में 0.5% की गिरावट रही। ब्रिटेन का FTSE 100 भी 0.35% की कमजोरी के साथ खुला। कुल मिलाकर, घरेलू और वैश्विक दोनों कारकों के चलते बाजार में बिकवाली का माहौल बना।
ईंधन पर उत्पाद शुल्क में कटौती का असर
सरकार द्वारा ईंधन पर उत्पाद शुल्क में कटौती के बाद ऑयल मार्केटिंग कंपनियों के शेयरों में शुरुआती तेजी देखी गई। पेट्रोल पर ड्यूटी को 13 रुपये प्रति लीटर से घटाकर 3 रुपये कर दिया गया, जबकि डीजल पर ड्यूटी को 10 रुपये से घटाकर शून्य कर दिया गया। हालांकि, यह उत्साह ज्यादा देर तक नहीं टिक सका। हिंदुस्तान पेट्रोलियम, भारत पेट्रोलियम और इंडियन ऑयल जैसी कंपनियों के शेयरों ने शुरुआती बढ़त गंवा दी और गिरावट में आ गए।
PSU बैंक सेक्टर में गिरावट
NSE के सभी सेक्टोरल इंडेक्स में गिरावट देखी गई, जिसमें निफ्टी PSU बैंक इंडेक्स सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला रहा, जो 3.8% तक टूट गया। निफ्टी रियल्टी, निफ्टी बैंक, निफ्टी ऑटो और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज भी प्रमुख रूप से गिरने वाले सेक्टर्स में शामिल रहे।
निफ्टी में सकारात्मक योगदान
निफ्टी में ONGC सबसे बड़ा सकारात्मक योगदान देने वाला स्टॉक रहा, जिसने इंडेक्स में 11.54 अंकों का इजाफा किया। इसके अलावा, TCS, कोल इंडिया, पावर ग्रिड और विप्रो ने भी क्रमशः 3.04, 1.75, 1.58 और 0.94 अंकों का योगदान दिया। वहीं, रिलायंस इंडस्ट्रीज ने निफ्टी पर सबसे बड़ा दबाव डाला, जिससे इंडेक्स 95.83 अंक नीचे खींचा गया। HDFC बैंक, SBI, ICICI बैंक और बजाज फिनसर्व ने भी नकारात्मक प्रभाव डाला।
