तालिबान ने पाकिस्तान के कोहाट कैंप पर ड्रोन हमले की जिम्मेदारी ली
तालिबान का दावा
अफगानिस्तान में तालिबान सरकार ने खैबर पख्तूनख्वा के कोहाट आर्मी कैंप पर ड्रोन हमलों की जिम्मेदारी ली है। तालिबान रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों के अनुसार, इस हमले में आत्मघाती ड्रोन का उपयोग किया गया था, जिसका लक्ष्य सैन्य छावनी और उससे संबंधित सुविधाएं थीं। कोहाट छावनी पाकिस्तान के ऐतिहासिक गार्जियन शहरों में से एक है और इसमें पाकिस्तान सेना की 9वीं इन्फैंट्री डिवीजन की महत्वपूर्ण इकाइयां स्थित हैं। यह खैबर पास के निकट स्थित है, जो क्षेत्र में सुरक्षा संचालन के लिए एक प्रमुख केंद्र के रूप में कार्य करता है।
Locals reported explosions in Kohat Cantonment, KP, after drones were spotted in the area. pic.twitter.com/dBipFYrsxT
— OsintTV 📺 (@OsintTV) March 13, 2026
Kohat cantonment Pakistan under attack A precise attack by Taliban At least 3x NaPak security personnel were killed. pic.twitter.com/ylyjlK7tu5
— War & Gore (@Goreunit) March 13, 2026
पाकिस्तानी हवाई हमलों का प्रतिशोध
पाकिस्तानी हवाई हमलों का प्रतिशोध
तालिबान नेतृत्व ने इस ड्रोन हमले को हालिया पाकिस्तानी हवाई हमलों का प्रतिशोध बताया है। अफगान अधिकारियों का कहना है कि पाकिस्तानी विमानों ने कई स्थानों पर हमले किए, जिनमें काबुल, कंधार, पक्तिया और पक्तिका शामिल हैं, क्योंकि दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। तालिबान के प्रतिनिधियों का कहना है कि हवाई हमले आवासीय क्षेत्रों को लक्षित कर रहे थे। अफगान अधिकारियों का दावा है कि इन हमलों में नागरिकों की हताहति हुई है, जिसमें महिलाएं और बच्चे शामिल हैं, हालांकि इन आंकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि सीमित है।د تیرو تجاوزونو او جنایاتو په دوام یوځل بیا پاکستاني پوځي رژیم په کابل، کندهار، پکتیا، پکتیکااو ځینو نورو برخو کې بمبارد وکړ، په ځینو ځایونو کې یې ملکي کورونه ویشتي چې ښځې او ماشومان یې شهیدان کړل او په ځينو ځایونو کې یې تشې دښتې او خالي ځایونه په نښه کړې دي. د روژې مبارکې…
— Hamdullah Fitratحمدالله فطرت (@FitratHamd) March 13, 2026
दुरंद रेखा पर संघर्ष
दुरंद रेखा पर संघर्ष
हालिया घटनाक्रम ने दुरंद रेखा के साथ सुरक्षा स्थिति को और बिगाड़ दिया है, जो पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच विवादित सीमा है। पाकिस्तानी बलों और तालिबान लड़ाकों के बीच सीमा पार झड़पें हाल के महीनों में तेजी से बढ़ी हैं, क्योंकि दोनों पक्ष एक-दूसरे पर क्षेत्र में सक्रिय उग्रवादी समूहों का समर्थन करने का आरोप लगा रहे हैं। पाकिस्तान ने बार-बार अफगान तालिबान पर तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) के उग्रवादियों को अफगान क्षेत्र से संचालित करने की अनुमति देने का आरोप लगाया है। इस्लामाबाद का कहना है कि यह समूह खैबर पख्तूनख्वा और पड़ोसी जनजातीय जिलों में पाकिस्तानी सुरक्षा बलों पर बढ़ते हमलों के लिए जिम्मेदार है। तालिबान सरकार ने इन आरोपों को खारिज कर दिया है, यह कहते हुए कि वह टीटीपी का समर्थन नहीं करती और पाकिस्तान से आग्रह किया कि वह सैन्य बल के बजाय संवाद के माध्यम से विवाद को हल करे।د افغانستان پخوانی جمهور رئیس حامد کرزی د هیواد پر پایتخت او کندهار، پکتیا او پکتیکا ولایتونو د پاکستان بریدونه چې له امله یې زموږ یو شمېر هېوادوال د ښځو او ماشومانو په ګډون شهیدان شوي په کلکه غندي او د همسایتوب، بشري ارزښتونو او بینالمللی قوانینو ښکاره او شدید تخلف یې بولي.…
— Hamid Karzai (@KarzaiH) March 13, 2026
