झारखंड CID ने बच्चों की अश्लील सामग्री बेचने वाले रैकेट का किया पर्दाफाश
अंतरराष्ट्रीय रैकेट का खुलासा
झारखंड के अपराध अनुसंधान विभाग (CID) ने गिरिडीह में एक अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन रैकेट का भंडाफोड़ किया है, जो बच्चों की अश्लील सामग्री बेचने में संलिप्त था। आरोपी टेलीग्राम के माध्यम से ओमान, UAE और बांग्लादेश में वीडियो बेच रहे थे.
गिरोह की गतिविधियाँ
इस गिरोह के सदस्य बच्चों के साथ अत्याचार करते थे और उनकी अश्लील वीडियो बनाते या इकट्ठा करते थे, जिन्हें विदेशों में ऑनलाइन बेचा जाता था। CID ने इस मामले में दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनकी पहचान वहाब अंसारी और हसन राजा के रूप में हुई है। दोनों गिरिडीह जिले के निवासी हैं और इस अवैध धंधे को संगठित तरीके से चला रहे थे.
रैकेट का संचालन
आरोपी पूरे देश से बच्चों की अश्लील वीडियो इकट्ठा करते थे और फिर इन्हें टेलीग्राम जैसे ऐप्स के माध्यम से विदेशों में बेचते थे। मुख्य खरीदार ओमान, बांग्लादेश और UAE के लोग थे, जो महज 300 रुपये में बच्चों की वीडियो खरीदते थे. आरोपी पहले वीडियो के छोटे क्लिप्स साझा करते थे और जब ग्राहक पूरी वीडियो देखने की इच्छा जताते, तो पैसे मांगे जाते.
छापेमारी के दौरान बरामदगी
CID ने साइबर क्राइम थाने में केस नंबर 41/26 के तहत कार्रवाई की। छापेमारी में आरोपियों के पास से मोबाइल फोन, अन्य डिजिटल उपकरण और बड़ी मात्रा में बच्चों की अश्लील वीडियो बरामद की गईं। इसके अलावा, कुछ संदिग्ध बैंक खातों की जानकारी भी मिली है, जिनसे इस अवैध कारोबार का पैसा लेन-देन होता था.
CID की अपील
इस सफलता के बाद, झारखंड CID ने जनता से अपील की है कि यदि किसी को ऑनलाइन बच्चों से संबंधित अश्लील सामग्री या इसके कारोबार की जानकारी मिले, तो तुरंत नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल के 'वूमेन एंड चाइल्ड' सेक्शन में शिकायत दर्ज कराएं। छोटी-सी जानकारी भी बड़े अपराधियों तक पहुंचाने में मदद कर सकती है.
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