कोट्टायम: केरल की राजनीतिक धुरी और ऐतिहासिक महत्व

कोट्टायम, केरल का एक महत्वपूर्ण जिला, अपनी प्राकृतिक सुंदरता और राजनीतिक गतिविधियों के लिए जाना जाता है। यह जिला न केवल मसालों और रबर की खेती के लिए प्रसिद्ध है, बल्कि यहां केरल कांग्रेस के विभिन्न धड़े भी सक्रिय हैं। 2021 के विधानसभा चुनावों में यहां की सीटों पर लेफ्ट और UDF के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिला। जानें कोट्टायम की विधानसभा सीटों का इतिहास और राजनीतिक परिदृश्य।
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कोट्टायम: केरल की राजनीतिक धुरी और ऐतिहासिक महत्व

कोट्टायम का परिचय

केरल का कोट्टायम जिला चारों ओर से अन्य जिलों से घिरा हुआ है। यह न तो समुद्र के किनारे स्थित है और न ही किसी अन्य राज्य की सीमा से जुड़ा है। अलप्पुझा और कोट्टायम के बीच वेम्बनाड झील है, जो दोनों जिलों की सीमा का कार्य करती है। कोट्टायम के उत्तर में एर्नाकुलम, पूर्व में इडुक्की, पश्चिम में अलप्पुझा और दक्षिण में पत्तनथिट्टा जिले हैं। यह जिला अपनी प्राकृतिक सुंदरता, बैकवॉटर और हरियाली के लिए प्रसिद्ध है।


राजनीतिक परिदृश्य

मसालों और रबर की खेती के लिए मशहूर कोट्टायम में केरल कांग्रेस के नेता अपनी उपजाऊ भूमि का लाभ उठाते हैं। यहां केरल कांग्रेस के विभिन्न धड़े सक्रिय हैं और इसी जिले के माध्यम से वे अपनी राजनीतिक गतिविधियों को संचालित करते हैं। रबर बोर्ड भी इसी जिले में स्थित है, जिसे अक्षर नगरी के नाम से भी जाना जाता है।


कोट्टायम का ऐतिहासिक महत्व भी उल्लेखनीय है। यह जिला महात्मा गांधी, पेरियार, चक्रवर्ती राजगोपालाचारी और विनोबा भावे जैसे नेताओं के आंदोलनों का गवाह रहा है। यहां की रबर और मसालों की खेती स्थानीय अर्थव्यवस्था का मुख्य आधार है।


2021 के चुनावों का विश्लेषण

कोट्टायम में केरल कांग्रेस के विभिन्न धड़ों के नेता आपस में प्रतिस्पर्धा करते हैं। ओमान चांडी, पी सी जॉर्ज और के एम मणि जैसे दिग्गज नेता इस जिले से निकले हैं। 2021 में, लेफ्ट ने 9 में से 5 सीटें जीतीं, जबकि UDF ने 4 सीटों पर विजय प्राप्त की।


विधानसभा सीटों का इतिहास

कंजिरापल्ली: इस सीट का प्रतिनिधित्व के टी थॉमस, के वी कुरियन और जॉर्ज मैथ्यू जैसे नेताओं ने किया है। यह सीट केरल कांग्रेस (मणि) के खाते में रही है।


पूंजर: यहां पी सी जॉर्ज ने लगातार 5 बार जीत हासिल की थी। अब वह बीजेपी के उम्मीदवार हैं।


चंगनासेरी: यह क्षेत्र केरल कांग्रेस (मणि) का गढ़ रहा है।


एत्तुमन्नूर: पिछले तीन चुनावों से लेफ्ट का कब्जा है।


कोट्टायम: यह सीट कांग्रेस के पास है, जहां टी राधाकृष्णन लगातार जीतते आ रहे हैं।


पुथुपल्ली: यह सीट पूर्व मुख्यमंत्री ओमान चांडी का क्षेत्र है।


पाला: यह क्षेत्र के एम मणि का गढ़ रहा है।


कुदुतुरुती: यहां मोन्स जोसेफ लगातार जीतते आ रहे हैं।


वायकॉम: अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित इस सीट पर कांग्रेस को सीमित जीत मिली है।


जिले की स्थिति

क्षेत्रफल: 2208 वर्ग किलोमीटर
साक्षरता दर: 97.21%
नगर पालिका: 6
ब्लॉक: 11
पंचायत: 71
विधानसभा सीटें: 9
LDF: 5
UDF: 4