पश्चिम बंगाल चुनाव में AIMIM और AJUP का गठबंधन टूटा

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले आम जनता उन्नयन पार्टी और ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन का गठबंधन टूट गया है। AIMIM ने अकेले चुनाव लड़ने का निर्णय लिया है, जबकि हुमायूं कबीर पर बीजेपी से पैसे लेने के आरोप लगे हैं। कबीर ने इन आरोपों को खारिज किया है और कहा है कि बंगाल की जनता उनके साथ है। जानें इस राजनीतिक घटनाक्रम के पीछे की पूरी कहानी और आगामी चुनाव की तारीखें।
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पश्चिम बंगाल चुनाव में AIMIM और AJUP का गठबंधन टूटा

पश्चिम बंगाल चुनाव में नया मोड़

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है। आम जनता उन्नयन पार्टी (AJUP) और ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के बीच गठबंधन समाप्त हो गया है। यह जानकारी AIMIM ने शुक्रवार को दी, साथ ही पार्टी ने बंगाल में अकेले चुनाव लड़ने का निर्णय लिया। इससे पहले, हुमायूं कबीर पर बीजेपी से एक हजार करोड़ रुपये लेकर तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ लड़ने का आरोप लगाया गया था, जिसने बंगाल की राजनीतिक स्थिति में हलचल मचा दी।


AIMIM का बयान

AIMIM ने हुमायूं कबीर से अलग होते हुए कहा, 'हुमायूं कबीर के बयानों से यह स्पष्ट हो गया है कि बंगाल के मुसलमान कितने कमजोर हैं। AIMIM ऐसे किसी भी बयान से खुद को नहीं जोड़ सकती, जो मुसलमानों की ईमानदारी पर सवाल उठाए। आज से, AIMIM ने कबीर की पार्टी के साथ अपना गठबंधन समाप्त कर दिया है।'


ओवैसी का चुनावी दृष्टिकोण

ओवैसी की पार्टी ने आगे कहा, 'बंगाल के मुसलमान सबसे गरीब और उपेक्षित समुदायों में से हैं। दशकों तक धर्मनिरपेक्ष शासन के बावजूद, उनके लिए कुछ नहीं किया गया। AIMIM की नीति है कि हाशिए पर पड़े समुदायों की अपनी स्वतंत्र राजनीतिक आवाज हो। हम बंगाल चुनाव स्वतंत्र रूप से लड़ेंगे और आगे किसी भी पार्टी के साथ हमारा कोई गठबंधन नहीं होगा।'


हुमायूं कबीर का खंडन

हालांकि, हुमायूं कबीर ने बीजेपी से अपने कथित संबंधों को बेतुका बताया है। मुर्शिदाबाद में उन्होंने कहा, 'क्या भारत के प्रधानमंत्री सच में इतने कमजोर हैं कि वह हुमायूं कबीर को 1,000 करोड़ रुपये देंगे? क्या आप सभी को बेवकूफ समझते हैं? ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी का दिमाग खराब हो सकता है, लेकिन मेरा नहीं।' उन्होंने यह भी कहा कि बंगाल की जनता उनके साथ है और उनकी पार्टी को वोट देगी।


वीडियो विवाद

दरअसल, हुमायूं कबीर का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें वह बीजेपी से 1000 करोड़ रुपये की डील पर चर्चा कर रहे हैं। वीडियो में यह भी कहा गया है कि किसी भी कीमत पर ममता बनर्जी को सत्ता से हटाना है। हालांकि, कबीर ने इस वीडियो को AI जनरेटेड बताया है और चुनाव के बाद कार्रवाई करने की बात कही है।


टीएमसी के आरोप

तृणमूल कांग्रेस ने शुरू से ही हुमायूं कबीर पर बीजेपी के इशारे पर बाबरी मस्जिद बनाने का एलान करने और चुनाव में मिलीभगत करने का आरोप लगाया है। टीएमसी का कहना है कि वीडियो में कबीर ने कहा है कि बीजेपी ने उन्हें अल्पसंख्यक समुदाय को गुमराह करने के लिए एक हजार करोड़ रुपये दिए। कबीर ने यह भी दावा किया कि हिमंत बिस्वा सरमा और प्रधानमंत्री कार्यालय इस साजिश में शामिल हैं।


चुनाव की तारीखें

हुमायूं कबीर की पार्टी AIMIM के साथ पश्चिम बंगाल में 118 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। बंगाल में दो चरणों में वोटिंग होगी, पहले चरण के लिए 23 अप्रैल और दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को मतदान होगा। राज्य के चुनावी परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे।