पश्चिम बंगाल चुनाव 2026: अमित शाह के बयान से बढ़ा सियासी तापमान
चुनाव से पहले का सियासी माहौल
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण के मतदान से पहले राजनीतिक गतिविधियाँ तेज हो गई हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के एक बयान ने राज्य की राजनीति में हलचल मचा दी है। उनके 'ऐ दीदी' शब्द ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रतिक्रिया को जन्म दिया है, जिसे उन्होंने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और बंगाल की महिलाओं की गरिमा पर हमला बताया है।
अमित शाह का आक्रामक बयान
पश्चिम मेदिनीपुर में अपनी अंतिम चुनावी रैली में, अमित शाह ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा, 'ऐ दीदी, आंख और कान खोलकर सुनो, इस बार जनता आपको सत्ता से बाहर करने वाली है।' इसके साथ ही उन्होंने कहा, 'टा-टा, बाय-बाय दीदी, आपका समय समाप्त हुआ।'
TMC की प्रतिक्रिया
TMC ने अमित शाह के 'ऐ दीदी' शब्द को 2021 के चुनाव में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा कहे गए 'दीदी ओ दीदी' के नारे का एक नया रूप बताया है। TMC सांसद सागरिका घोष और मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने इसे महिलाओं के प्रति अपमानजनक बताते हुए कहा कि भाजपा के नेता जानबूझकर ममता बनर्जी का अपमान कर रहे हैं। पार्टी का मानना है कि भाजपा की यह भाषा उनके लिए नुकसानदायक साबित होगी।
महिलाओं के सम्मान का मुद्दा
TMC ने भाजपा के 'नारी शक्ति' के नारे को खोखला बताते हुए इसे 'नारा शक्ति' कहा है। पार्टी के नेताओं ने कहा कि एक ओर भाजपा संसद में महिलाओं के सम्मान की बात करती है, वहीं दूसरी ओर ममता बनर्जी के लिए अपमानजनक भाषा का प्रयोग करती है। मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कहा, 'अमित शाह को बंगाल की संस्कृति और महिलाओं का सम्मान करना सीखना चाहिए। बंगाल की महिलाएं इस अपमान का जवाब देंगी।'
चुनाव की तारीखें
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल को होगा। अमित शाह ने कहा कि नतीजे 4 मई को आएंगे और 5 मई को भाजपा की सरकार बनने पर अपराधियों को खोज निकाला जाएगा। इस 'दीदी' शब्द पर चल रही बहस ने मतदाताओं के बीच ध्रुवीकरण और तीखी चर्चा को जन्म दिया है।
