शेयर बाजार में भारी गिरावट: सेंसेक्स और निफ्टी में रिकॉर्ड गिरावट
शेयर बाजार की शुरुआत
नई दिल्ली। शेयर बाजार में जो आशंका थी, वह सच साबित हुई। सोमवार को पहले कारोबारी दिन, विदेशी संकेतों के नकारात्मक प्रभाव के चलते सेंसेक्स और निफ्टी की शुरुआत बेहद खराब रही, और बाजार खुलते ही क्रैश हो गया।
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स अपने पिछले बंद स्तर से 1100 अंक से अधिक गिरावट के साथ खुला, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी 300 अंक से ज्यादा नीचे आया। बैंकिंग शेयरों में भारी गिरावट देखी गई, जिसमें Axis Bank, HDFC Bank, और Kotak Bank के शेयरों में बड़ी गिरावट आई। हालांकि, शुरुआती गिरावट के बाद थोड़ी रिकवरी भी देखने को मिली।
सेंसेक्स-निफ्टी की स्थिति: सेंसेक्स 73,583 के पिछले बंद स्तर की तुलना में 72,565 पर खुला और कुछ ही मिनटों में 72,391 के स्तर तक गिर गया, जिससे यह 1192 अंक नीचे चला गया। वहीं, निफ्टी भी 22,819 के पिछले बंद से गिरकर 22,549 पर खुला और फिर 349 अंक की गिरावट के साथ 22,470 पर कारोबार करता नजर आया।
बैंकिंग शेयरों में सबसे अधिक गिरावट: सोमवार को बाजार में आई गिरावट के दौरान बैंकिंग स्टॉक्स में सबसे तेज गिरावट देखी गई। शुरुआती कारोबार में Axis Bank (4%), Kotak Bank (3%), HDFC Bank (2.50%), ICICI Bank (1.70%), और SBI (1.10%) के शेयरों में गिरावट आई। इसके अलावा, Bajaj Finance (2%) और Bharti Airtel (1.50%) के शेयर भी नीचे आए।
विदेशी संकेतों का प्रभाव: भारतीय शेयर बाजार में गिरावट के संकेत पहले से ही विदेशी बाजारों से मिल रहे थे। जापान, कोरिया से लेकर हांगकांग तक एशियाई शेयर बाजारों में भारी गिरावट देखी गई। जापान का निक्केई इंडेक्स 2382 अंक या 4.50% गिरकर 50,566 पर आ गया। हांगकांग का हैंगसेंग इंडेक्स भी 490 अंक या 1.95% गिरकर 24,469 पर ट्रेड कर रहा था।
गिरावट के कारण: शेयर बाजार में गिरावट के तीन प्रमुख कारण हैं। पहला, एशियाई बाजारों में मची हलचल का सीधा असर सेंसेक्स-निफ्टी पर पड़ा। दूसरा, कच्चे तेल की कीमतों में अचानक वृद्धि, जिससे महंगाई का खतरा बढ़ गया। तीसरा, अमेरिका और ईरान के बीच तनाव में कमी नहीं आ रही है, जिससे वैश्विक तनाव बढ़ गया है।
