कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट: अमेरिका-ईरान समझौते की उम्मीदें बढ़ीं
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट: अमेरिका और ईरान के बीच संभावित समझौते की उम्मीदों के चलते सोमवार को कच्चे तेल की कीमतों में महत्वपूर्ण कमी आई है। 25 मई को अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें दो हफ्तों के न्यूनतम स्तर पर पहुंच गई हैं। हालांकि, अमेरिका और ईरान के बीच स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर लागू पाबंदियों जैसे मुद्दों पर अभी भी मतभेद बने हुए हैं। इन पाबंदियों के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति में गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं, जिससे कीमतें आसमान छू रही थीं।
अमेरिका और ईरान के बीच समझौता ज्ञापन पर बातचीत
अमेरिकी राष्ट्रपति ने शनिवार को बताया कि वॉशिंगटन और तेहरान ने शांति समझौते के लिए एक 'समझौता ज्ञापन' पर बातचीत को काफी हद तक पूरा कर लिया है। इस समझौते के परिणामस्वरूप स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का मार्ग फिर से खुल सकता है। उल्लेखनीय है कि मध्य पूर्व में तनाव बढ़ने से पहले, इस जलमार्ग से विश्व के तेल और LNG का लगभग 20% परिवहन होता था।
25 मई को कच्चे तेल की कीमतें
oilprice.com के अनुसार, सोमवार को सुबह 8:00 बजे के आसपास, ब्रेंट क्रूड की कीमत 4.51 डॉलर यानी 4.36% गिरकर 99.03 डॉलर प्रति बैरल हो गई। वहीं, WTI क्रूड की कीमत 4.45 डॉलर यानी 4.61% की कमी के साथ 92.15 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई। इसके अलावा, प्राकृतिक गैस की कीमत में भी 0.016 डॉलर यानी 0.55% की मामूली गिरावट आई, जो 2.891 डॉलर प्रति MMBtu पर कारोबार कर रही थी।
पिछले हफ्ते की गिरावट
पिछले हफ्ते, अमेरिकी कच्चे तेल की कीमतों में 8% से अधिक की गिरावट आई थी, जबकि ब्रेंट क्रूड में 5% से अधिक की कमी आई थी। यह गिरावट तब आई जब राष्ट्रपति ने ईरान पर संभावित हवाई हमलों को रद्द करने की घोषणा की, ताकि बातचीत के लिए और समय मिल सके। हालांकि, हालिया गिरावट के बावजूद, 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर हमले शुरू करने के बाद से तेल की कीमतों में 30% से अधिक की वृद्धि हुई है।
