देव शाह: भारत के उभरते पिकलबॉल सितारे की कहानी
पिकलबॉल में देव शाह का सफर
देव शाह ने कभी भी रैकेट खेलों में भविष्य की कल्पना नहीं की थी। उनका झुकाव हमेशा फुटबॉल खेलने या क्रिकेट बैट से छक्के मारने की ओर था। लेकिन 2022 में पिकलबॉल की लोकप्रियता ने उन्हें आकर्षित किया। इस खेल की सरलता और मजेदार स्वभाव ने उन्हें अपने रैकेट को उठाने के लिए प्रेरित किया। अब, अहमदाबाद में पिकलबॉल के बढ़ते केंद्र के कारण, उनका इस खेल के प्रति जुनून और भी बढ़ गया है।
17 वर्षीय देव ने चार वर्षों में 85 पदक जीते हैं, जिनमें 41 स्वर्ण पदक शामिल हैं। हाल के महीनों में, उन्होंने 17 पदक जीते हैं, जिनमें से नौ स्वर्ण हैं। उन्हें भारत के मुख्य राष्ट्रीय कोच धीरन पटेल द्वारा प्रशिक्षित किया गया है और 2024 में डिंकर पिकलबॉल अकादमी में दाखिला मिला।
पिछले साल, पिकलबॉल विश्व कप में उन्होंने अंडर 34 पुरुष एकल (5.0) श्रेणी में स्वर्ण पदक जीता। इसके बाद, उन्होंने बेंगलुरु में IPA नेशनल्स में भी शानदार प्रदर्शन किया। हाल ही में, उन्होंने मध्य प्रदेश ओपन में तीन स्वर्ण पदक जीते हैं।
डबल्स पर ध्यान
देव जूनियर खिलाड़ियों के लिए IPA चयन परीक्षणों की तैयारी कर रहे हैं, जो 12-14 जून को डिंकर पिकलबॉल अकादमी में होंगे। वह अपनी डबल्स क्षमताओं पर भरोसा कर रहे हैं, क्योंकि उनके नौ स्वर्ण पदकों में से सात डबल्स श्रेणी में आए हैं।
देव ने तंजानिया ओपन में भी अच्छा प्रदर्शन किया, जहां उन्होंने मिश्रित डबल्स में स्वर्ण पदक जीता। वह विश्व कप के लिए अपनी तैयारी कर रहे हैं, जो 30 अगस्त से 6 सितंबर तक दा नांग, वियतनाम में होगा।
कोई दबाव नहीं
देव ने कहा कि वह प्रतियोगिता के दबाव को महसूस नहीं कर रहे हैं। उनका लक्ष्य केवल अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना है। वह मानते हैं कि उनकी मेहनत और तैयारी उन्हें सफलता दिलाएगी।