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वास्तु शास्त्र के अनुसार आईने की सही दिशा और उपयोग

इस लेख में हम वास्तु शास्त्र के अनुसार आईने के सही दिशा और उपयोग के बारे में जानेंगे। आईने का सही दिशा में होना घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है, जबकि गलत दिशा में होने पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। जानें कि आईने को कहां लगाना चाहिए और किन जगहों पर नहीं लगाना चाहिए। इसके अलावा, टूटे आईने के प्रभाव और नकारात्मक ऊर्जा को कम करने के उपाय भी जानें।
 

आईने का महत्व और दिशा


आईना हर घर में एक आवश्यक वस्तु है और वास्तु शास्त्र में इसकी विशेष भूमिका है। यदि आईने को गलत दिशा में रखा जाए, तो यह नकारात्मक ऊर्जा का स्रोत बन सकता है। वहीं, सही दिशा में रखा आईना घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है।


गलत दिशा में आईना रखने से आर्थिक समस्याएं, पारिवारिक विवाद, स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं और दरिद्रता उत्पन्न हो सकती हैं। इस लेख में हम जानेंगे कि आईने को किस दिशा में रखना चाहिए और किस प्रकार का आईना घर में सुख और समृद्धि लाता है।


आईना लगाने की सही दिशा

वास्तु शास्त्र के अनुसार, आईने को हमेशा उत्तर और पूर्व दिशा की दीवार पर लगाना चाहिए।


यदि आप अपने ऑफिस में आईना लगाना चाहते हैं, तो उत्तर-पूर्व, उत्तर और पूर्व दिशा में इसे लगाना लाभकारी होता है, जिससे कार्य में रुकावटें दूर होती हैं।


उत्तर या पूर्व दिशा की दीवार पर वॉश बेसिन के पास दर्पण लगाना शुभ माना जाता है।


यदि दीवार में दर्पण लगाना है, तो उसकी लंबाई 4 से 5 फीट होनी चाहिए।


आईना लगाने से बचने वाली जगहें

बाथरूम में शीशा लगाते समय ध्यान रखें कि इसे कभी भी अंधेरे स्थान पर न लगाएं।


दक्षिण, पश्चिम और आग्नेय कोण में आईना लगाने से धन हानि हो सकती है।


दो आईनों को आमने-सामने न रखें।


सीढ़ियों के पास आईना लगाना गलत है।


बच्चों के कमरों में पश्चिम दिशा की दीवार पर आईना न लगाएं।


गलत तरीके से आईना लगाना

घर में नुकीला या धारदार आईना न लगाएं, क्योंकि इससे कर्ज में डूबने का खतरा होता है। इसके बजाय चौकोर या आयताकार आईना लगाना शुभ होता है।


दरवाजे में आईना फिट न करें, क्योंकि इससे नकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश हो सकता है।


बेडरूम में पलंग के सामने गोल शीशा न लगाएं, क्योंकि इससे पति-पत्नी के बीच कलह हो सकती है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, आईने में सोते हुए दंपति का प्रतिबिंब दिखने से तलाक की नौबत भी आ सकती है। यदि बेडरूम में आईना लगाना आवश्यक हो, तो इसे बिस्तर के किनारे लगाएं।


टूटे आईने का प्रभाव

वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर में आईने का टूटना अशुभ माना जाता है। टूटा आईना नकारात्मक ऊर्जा को अवशोषित कर लेता है, और यदि इसे समय पर बाहर नहीं निकाला गया, तो यह 7 साल तक दुर्भाग्य का कारण बन सकता है। इसलिए, यदि आईना टूट जाए, तो इसे तुरंत घर से बाहर निकाल दें।


नकारात्मक ऊर्जा को कम करने के उपाय

वास्तु के अनुसार, आईना जिस दिशा में लगाया गया है, वह वहीं की ऊर्जा को घुमाता है। यदि आईना सकारात्मक दिशा में है, तो घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। नकारात्मक प्रभावों को कम करने के लिए, आईने का उपयोग करने के बाद उसे ढंककर या उल्टा करके रख दें।