शक्तिकांत दास का 69वां जन्मदिन: आरबीआई के पूर्व गवर्नर की उपलब्धियों पर एक नज़र
शक्तिकांत दास, जो आज 69 वर्ष के हो गए हैं, भारतीय रिजर्व बैंक के 25वें गवर्नर रहे हैं। उन्होंने नोटबंदी और जीएसटी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और कई प्रमुख सरकारी पदों पर कार्य किया। उनके जीवन की रोचक जानकारियों और उपलब्धियों पर एक नजर डालें।
Feb 26, 2026, 11:22 IST
शक्तिकांत दास का जन्मदिन
भारतीय रिजर्व बैंक के पूर्व गवर्नर शक्तिकांत दास आज, 26 फरवरी को अपने 69वें जन्मदिन का जश्न मना रहे हैं। आरबीआई के 25वें गवर्नर के रूप में उन्होंने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। इस दौरान, उन्होंने कई प्रमुख पदों पर कार्य किया है। नोटबंदी और जीएसटी के कार्यान्वयन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। इसके अलावा, उन्होंने विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व भी किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के करीबी अधिकारियों में उनकी गिनती होती है। आइए, उनके जन्मदिन के अवसर पर शक्तिकांत दास के जीवन से जुड़ी कुछ दिलचस्प जानकारियों पर नजर डालते हैं...
जन्म और शिक्षा
शक्तिकांत दास का जन्म 26 फरवरी 1957 को ओडिशा में हुआ। उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय के सेंट स्टीफंस कॉलेज से इतिहास में स्नातक की डिग्री प्राप्त की और वहीं से पोस्ट ग्रेजुएशन भी किया। इसके अलावा, उन्होंने ब्रिटेन के बर्मिंघम विश्वविद्यालय से लोक प्रशासन में मास्टर डिग्री हासिल की है।
IAS अधिकारी के रूप में करियर
शक्तिकांत दास ने इतिहास में एमए किया है और वह तमिलनाडु कैडर के IAS अधिकारी रहे हैं। उन्होंने भारत सरकार और तमिलनाडु सरकार दोनों के लिए कई महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया है। वित्त मंत्रालय के आर्थिक मामलों के विभाग में संयुक्त सचिव बजट, तमिलनाडु के उद्योग विभाग में सचिव, और राजस्व विभाग में कमिश्नर जैसे विभिन्न पदों पर उन्होंने कार्य किया है।
2008 में, शक्तिकांत दास पहली बार वित्त मंत्रालय में संयुक्त सचिव बने, जब पी चिदंबरम वित्त मंत्री थे। 2014 में, उन्हें रसायन और उर्वरक मंत्रालय में सचिव नियुक्त किया गया। अरुण जेटली के कार्यकाल के दौरान, 2015 से 2017 तक, उन्हें वित्त मंत्रालय में आर्थिक मामलों के सचिव के रूप में कार्य करने का अवसर मिला।
आरबीआई के 25वें गवर्नर
2018 में, शक्तिकांत दास को आरबीआई के 25वें गवर्नर के रूप में नियुक्त किया गया, जहां उन्होंने उर्जित पटेल की जगह ली। उनका कार्यकाल दिसंबर 2021 में समाप्त होने वाला था, लेकिन सरकार ने इसे तीन साल के लिए बढ़ा दिया, जिससे वह दिसंबर 2024 तक इस पद पर बने रहे। इसके साथ ही, वह वित्त आयोग के सदस्य भी रह चुके हैं और 2017 में G20 में भारत के शेरपा रहे हैं।
नोटबंदी और जीएसटी में योगदान
नवंबर 2016 में नोटबंदी के बाद, शक्तिकांत दास आर्थिक मामलों के सचिव के रूप में नियमित रूप से प्रेस कॉन्फ्रेंस में नजर आए। उन्होंने जीएसटी को लागू करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। शक्तिकांत दास चार भाषाओं में पारंगत हैं, जिसमें तमिल, उड़िया, हिंदी और अंग्रेजी शामिल हैं।