×

लखनऊ में छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की दिल दहला देने वाली घटना

लखनऊ में एक छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म की एक भयावह घटना सामने आई है। दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रही छात्रा को बंधक बनाकर तीन दिनों तक दुष्कर्म का शिकार बनाया गया। आरोपियों ने उसे नशीली कॉफी पिलाकर कमरे में बंद कर दिया। घटना के बाद पीड़िता ने अपने पिता को पूरी कहानी बताई, जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज किया। जानें इस घटना की पूरी कहानी और पीड़िता के पिता की न्याय की मांग।
 

लखनऊ में सामूहिक दुष्कर्म का मामला


लखनऊ में एक भयावह सामूहिक दुष्कर्म की घटना सामने आई है। एक छात्रा, जो दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रही थी, को बंधक बनाकर तीन दिनों तक दुष्कर्म का शिकार बनाया गया। इस घिनौनी वारदात को तीन दोस्तों ने मिलकर अंजाम दिया। आरोपियों ने पीड़िता को एक कमरे में बंद कर नशीली कॉफी पिलाकर बारी-बारी से शारीरिक शोषण किया।


पीड़िता की पहचान और घटना का विवरण

पीड़िता एक बड़े कॉलेज से बीए ऑनर्स की पढ़ाई कर रही है और सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही है। वह कॉलेज की छुट्टियों में अपने घर जौनपुर आई थी। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में जीरो FIR दर्ज की है, जिसके आधार पर थाना सुशान्त गोल्फ सिटी में मामला दर्ज किया गया है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया गया है।


चारबाग स्टेशन पर छात्रा को उतारा गया

जानकारी के अनुसार, पीड़िता इस बार यूपीएससी की परीक्षा देने जा रही थी और 15 मई को उसका एडमिट कार्ड आने वाला था। वह सुहेलदेव एक्सप्रेस से दिल्ली लौट रही थी। ट्रेन के चलने के बाद उसने जौनपुर के एक परिचित शिवम यादव को इसकी सूचना दी। जैसे ही ट्रेन चारबाग स्टेशन पहुंची, शिवम अपने दोस्त सनी के साथ वहां पहुंच गया।


दोनों ने छात्रा को ट्रेन से उतार लिया और सुशांत गोल्फ सिटी के पास एक कमरे में ले गए। कमरे में पहुंचने के बाद, एक युवक खाना लाने चला गया और खाने के बाद शिवम ने छात्रा को कॉफी पीने के लिए कहा, जिसमें पहले से नींद की गोली मिलाई गई थी। इसके बाद छात्रा बेहोश हो गई।


तीन दिन तक बंधक बनाकर दुष्कर्म

बेहोशी का फायदा उठाकर शिवम ने उसके साथ दुष्कर्म किया और विरोध करने पर भी नहीं रुका। अगले दिन, 16 मई को, शिवम का दोस्त सनी वहां पहुंच गया और उसने भी पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता को एक कमरे में कैद कर रखा गया था और आरोपी जब भी बाहर जाते, दरवाजा बाहर से बंद कर देते। 17 मई को एक तीसरा युवक भी शामिल हो गया, जिसे पीड़िता पहचानती नहीं थी। तीनों ने मिलकर 18 मई तक उसका शारीरिक शोषण किया।


पीड़िता को जबरन दिल्ली भेजा गया

तीन दिनों तक शोषण के बाद, 18 मई को आरोपियों ने चारबाग रेलवे स्टेशन के लिए एक कैब बुक की। इसके बाद, पीड़िता को जबरन सुहेलदेव एक्सप्रेस के स्लीपर कोच में बैठाकर दिल्ली भेज दिया गया। ट्रेन जब बरेली के पास पहुंची, तो पीड़िता ने हिम्मत जुटाकर अपने पिता को अपनी पूरी कहानी बताई।


पीड़िता के पिता ने तुरंत रेलवे हेल्पलाइन नंबर 139 पर संपर्क किया। जीआरपी ने सूचना मिलते ही ट्रेन के पास पहुंचकर युवती को दिल्ली के आनंद विहार थाने ले गए, जहां परिजनों की मौजूदगी में जीरो एफआईआर दर्ज की गई।


पीड़िता के पिता की न्याय की मांग

आरोपियों की पहचान शिवम यादव, सनी यादव और एक अन्य साथी के रूप में हुई है। इनके खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमों का गठन कर रही है। पीड़िता के पिता ने कहा कि उनकी बेटी पढ़ाई में बहुत तेज है, लेकिन इस घटना के बाद उसकी मानसिक स्थिति बिगड़ गई है। उन्होंने न्याय की मांग करते हुए कहा कि उन्हें सिर्फ न्याय नहीं, बल्कि दरिंदे का एनकाउंटर चाहिए।