लखनऊ के तेजस अस्पताल में छात्रा से दुष्कर्म के आरोप में कार्रवाई
तेजस अस्पताल में दुष्कर्म का मामला
लखनऊ के तेजस अस्पताल में एक डॉक्टर पर एक छात्रा के साथ दुष्कर्म करने का गंभीर आरोप लगा है, जिसके बाद सरकार ने अस्पताल को सील करने का आदेश दिया है। पुलिस ने आरोपी डॉक्टर को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और उसकी चिकित्सा डिग्री भी जब्त करने का निर्णय लिया गया है।
यह मामला लखनऊ के बीकेटी थाना क्षेत्र में स्थित तेजस अस्पताल का है, जहां एक 19 वर्षीय इंटर की छात्रा के साथ दुष्कर्म की घटना सामने आई है। उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक के निर्देश पर अस्पताल को सील करने और आरोपी डॉक्टर का लाइसेंस निलंबित करने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
पीड़िता छात्रा को मिर्गी के इलाज के लिए तीन दिन पहले अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिवार का कहना है कि डॉक्टर विजय कुमार गिरी, जो अस्पताल का संचालक है, ने छात्रा को ऑपरेशन थिएटर में ले जाकर नशीला इंजेक्शन दिया और उसके साथ दुष्कर्म किया।
परिवार का आरोप है कि डॉक्टर ने पहले छात्रा की बड़ी बहन और नर्स को ऑपरेशन थिएटर से बाहर भेज दिया। फिर, दोपहर में एक बार फिर छात्रा को ऑपरेशन थिएटर में ले जाकर नशीला इंजेक्शन देकर कथित तौर पर गलत काम किया गया। जब छात्रा ने बेहोशी की हालत में परिवार को घटना बताई, तो परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर दिया।
बीकेटी पुलिस ने तुरंत आरोपी डॉक्टर विजय कुमार गिरी को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है। पीड़िता का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया है। सीसीटीवी फुटेज की जांच की जा रही है और अस्पताल के कर्मचारियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं।
उपमुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने मामले का संज्ञान लेते हुए अस्पताल को सील करने के आदेश दिए हैं।
आरोपी डॉक्टर का मेडिकल लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है और उनकी आयुर्वेदिक डिग्री (बीएएमएस) जब्त करने की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। डॉक्टर झांसी के एक निजी मेडिकल कॉलेज से बीएएमएस पास बताए जा रहे हैं।