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लखनऊ अग्निकांड: 15 लोगों की जान गई, मुख्यमंत्री ने सहायता की घोषणा की

लखनऊ के अलीगंज में एक व्यावसायिक इमारत में आग लगने से 15 लोगों की जान चली गई और कई अन्य घायल हुए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटनास्थल का दौरा किया और पीड़ितों के परिवारों को 5 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की। इस घटना पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और अन्य नेताओं ने भी दुख व्यक्त किया। जानें इस दुखद घटना के बारे में और क्या कदम उठाए गए हैं।
 

लखनऊ में आग की घटना

सोमवार को उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में एक तीन मंजिला व्यावसायिक इमारत में आग लगने से कम से कम 15 लोगों की मृत्यु हो गई और सात अन्य घायल हो गए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटनास्थल का दौरा किया और स्थिति का आकलन किया, साथ ही मामले की गहन जांच के आदेश दिए। उन्होंने पीड़ितों के परिवारों से भी मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिवारों को 5 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता देने का आश्वासन दिया।


राजनाथ सिंह और अन्य नेताओं की प्रतिक्रिया

इस घटना पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि यह एक अत्यंत दुखद घटना है। उन्होंने पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों से बात की और लखनऊ जाने का निर्णय लिया। KGMU के MS प्रेम राज सिंह ने बताया कि अस्पताल लाने से पहले ही 15 लोगों की मृत्यु हो चुकी थी।


बचाव कार्य और सरकारी सहायता

घटना की जानकारी मिलने पर उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य की निगरानी की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया और मृतकों के परिवारों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता देने की घोषणा की। आग पर काबू पाने के लिए कई दमकल वाहनों को तैनात किया गया।


मुख्यमंत्री की संवेदनाएं

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया पर लिखा कि लखनऊ में हुई अग्नि दुर्घटना अत्यंत दुखद है। उन्होंने दिवंगत आत्माओं की शांति और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना की। समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव और बसपा अध्यक्ष मायावती ने भी इस घटना पर शोक व्यक्त किया और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए उचित कदम उठाने की आवश्यकता पर जोर दिया।