रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नागपुर में एल्युमीनियम एक्सट्रूज़न प्रेस का भूमि पूजन किया
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने नागपुर में यंत्र इंडिया लिमिटेड में 10,000 टन की एल्युमीनियम एक्सट्रूज़न प्रेस का भूमि पूजन किया। इस परियोजना को आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सिंह ने बताया कि भारत अब घरेलू निर्माण की ओर बढ़ रहा है, जिससे देश की सुरक्षा और रणनीतिक क्षमता में वृद्धि हो रही है। उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी भारत की बढ़ती वैश्विक हैसियत पर जोर दिया।
Jun 19, 2026, 16:48 IST
भूमि पूजन समारोह का आयोजन
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को नागपुर में यंत्र इंडिया लिमिटेड (YIL) में 10,000 टन की अत्याधुनिक एल्युमीनियम एक्सट्रूज़न प्रेस के लिए भूमि पूजन किया। उन्होंने इसे आत्मनिर्भरता की दिशा में भारत की "बदलाव लाने वाली सोच" का प्रतीक बताया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए, रक्षा मंत्री ने इस परियोजना को भारत के घरेलू निर्माण की ओर बढ़ते कदम के रूप में प्रस्तुत किया।
आत्मनिर्भरता की दिशा में कदम
सिंह ने कहा कि यह परियोजना दर्शाती है कि देश अब महत्वपूर्ण इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए आयातक से घरेलू निर्माता बनने की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा, "हमारे नागरिक अब उन ज़रूरतों को पूरा कर रहे हैं, जिनके लिए पहले हमें बाहर देखना पड़ता था।" उन्होंने अंतरराष्ट्रीय टकरावों के दौरान वैश्विक लॉजिस्टिक्स की कमजोरियों पर भी प्रकाश डाला और स्वदेशीकरण के महत्व को रेखांकित किया।
रक्षा उत्पादन में वृद्धि
रक्षा मंत्री ने कहा, "युद्ध के समय सप्लाई चेन प्रभावित होती है, इसलिए हर देश चाहता है कि उसकी सुरक्षा से जुड़ी सभी आवश्यक चीज़ें उसके अपने हाथों में हों।" उन्होंने बताया कि 2014 के बाद से भारत के घरेलू रक्षा उत्पादन और निर्यात में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि 2014 में घरेलू रक्षा उत्पादन 46,000 करोड़ रुपये था, जो अब वित्त वर्ष 2025-26 में रिकॉर्ड 1,78,000 करोड़ रुपये से अधिक हो गया है।
उपमुख्यमंत्री का बयान
इस समारोह में महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी भाग लिया। उन्होंने कहा कि दुनिया अब भारत को एक ऐसी ताकत के रूप में देखती है जिसे हल्के में नहीं लिया जा सकता। फडणवीस ने भारत की हाल की रणनीतिक उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि मौजूदा नेतृत्व ने देश की सुरक्षा के दृष्टिकोण को पूरी तरह बदल दिया है।