योगी आदित्यनाथ का हर घर तिरंगा अभियान: 5 करोड़ ध्वज फहराने का लक्ष्य
हर घर तिरंगा अभियान का आह्वान
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को प्रदेशवासियों से अपील की कि वे हर घर तिरंगा अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाएं। इस वर्ष, उन्होंने 5 करोड़ घरों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने का लक्ष्य रखा है। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, मुख्यमंत्री ने एक उच्चस्तरीय बैठक में स्वतंत्रता दिवस और विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के आयोजनों की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि हर घर तिरंगा केवल एक अभियान नहीं है, बल्कि यह राष्ट्रप्रेम, राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान और देश के गौरवमयी इतिहास से लोगों को जोड़ने का एक राष्ट्रीय प्रयास है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इसे व्यापक जनभागीदारी के साथ जनआंदोलन का रूप देना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि 14 और 15 अगस्त को प्रदेश के सभी सिनेमाघरों में राष्ट्रगीत और राष्ट्रगान का अनिवार्य प्रसारण सुनिश्चित किया जाए। बैठक में बताया गया कि वर्ष 2022 में प्रदेश के 4.10 करोड़ से अधिक घरों पर तिरंगा फहराया गया था, और 2023 तथा 2024 में यह संख्या 4.50 करोड़ से अधिक होने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने राष्ट्रीय ध्वजों के निर्माण, उपलब्धता और वितरण की व्यवस्था समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों, खादी एवं ग्रामोद्योग संस्थाओं, एमएसएमई इकाइयों और स्थानीय उत्पादन केंद्रों को इस अभियान से जोड़ने की बात कही। राशन की दुकानों, ग्राम पंचायत भवनों, जन सेवा केंद्रों, तहसीलों, विकास खंड कार्यालयों, विद्यालयों, आंगनबाड़ी केंद्रों, डाकघरों, पेट्रोल पंपों और अन्य निर्धारित केंद्रों के माध्यम से आम जनता को राष्ट्रीय ध्वज आसानी से उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है।
मुख्यमंत्री ने 9 अगस्त को काकोरी ट्रेन एक्शन दिवस और 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के सभी कार्यक्रमों को सम्मान और गरिमा के साथ आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन आयोजनों से पहले पूरे प्रदेश में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाए। स्वतंत्रता संग्राम के अमर सेनानियों के योगदान को व्यापक रूप से जन-जन तक पहुंचाने का भी निर्देश दिया गया।
बैठक में 14 अगस्त को आयोजित होने वाले विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। योगी ने निर्देश दिए कि 14 अगस्त को राजधानी लखनऊ सहित प्रत्येक जिला मुख्यालय पर विभाजन विभीषिका विषयक प्रदर्शनी आयोजित की जाए।