×

माइग्रेन के घरेलू उपचार और बचाव के उपाय

माइग्रेन एक गंभीर सिरदर्द है जो सिर के एक हिस्से में होता है। यह दर्द इतना तीव्र होता है कि व्यक्ति को आराम करने में कठिनाई होती है। इस लेख में हम माइग्रेन के कारण, लक्षण, घरेलू उपचार और बचाव के उपायों पर चर्चा करेंगे। जानें कैसे आप इस समस्या से राहत पा सकते हैं और इसके अटैक से बच सकते हैं।
 

माइग्रेन: एक गंभीर सिरदर्द


माइग्रेन एक प्रकार का सिरदर्द है जो आमतौर पर सिर के एक हिस्से में होता है, जिसे आधा सीसी का दर्द भी कहा जाता है। यह दर्द सामान्य सिरदर्द से कहीं अधिक तीव्र होता है, जिससे व्यक्ति न तो ठीक से सो पाता है और न ही आराम से बैठ पाता है।


जब माइग्रेन के दौरान उल्टी भी होने लगे, तो यह स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। यह दर्द कुछ घंटों से लेकर कई दिनों तक रह सकता है। इस बीमारी में सिर के नीचे की धमनी फैलने लगती है और प्रभावित हिस्से में सूजन आ जाती है।


माइग्रेन के इलाज में लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए, क्योंकि यह लकवा और ब्रेन हैमरेज जैसी गंभीर समस्याओं का कारण बन सकता है। इस लेख में हम माइग्रेन के घरेलू उपचार और आयुर्वेदिक नुस्खों पर चर्चा करेंगे। यह समस्या महिलाओं में पुरुषों की तुलना में अधिक आम है।


माइग्रेन के कारण

हालांकि माइग्रेन के कारणों का सही पता नहीं चल पाया है, लेकिन सिर में दर्द के दौरे को पहचानकर इसे कम किया जा सकता है। उच्च रक्तचाप, तनाव, नींद की कमी, दर्द निवारक दवाओं का अत्यधिक सेवन और मौसम में बदलाव भी माइग्रेन का कारण बन सकते हैं।


माइग्रेन के लक्षण

माइग्रेन के लक्षणों में आंखों में दर्द या धुंधला दिखाई देना, सिर के एक हिस्से में तेज दर्द, तेज आवाज़ और रोशनी से घबराहट, उल्टी, जी मिचलाना, भूख में कमी, पसीना आना और कमजोरी शामिल हैं। यदि इनमें से कोई लक्षण दिखाई दे, तो डॉक्टर से जांच करवाना आवश्यक है।


घरेलू नुस्खे और उपाय

जब सिरदर्द इतना तेज हो जाए कि दवा से भी आराम न मिले, तो घरेलू नुस्खे मदद कर सकते हैं।


1. रोजाना दो बार गाय के देसी घी की दो बूँदें नाक में डालें। इससे माइग्रेन में राहत मिलती है। घी को हल्का गर्म करके दर्द वाले हिस्से की मालिश करें।


2. ठंडी चीज़ों से कुछ लोगों को आराम मिलता है, जबकि कुछ को गर्म चीज़ों से। गर्म पानी का सेवन करें या ठंडे पानी में तौलिया भिगोकर दर्द वाले हिस्से पर रखें।


3. पालक और गाजर का जूस पीना भी फायदेमंद होता है।


4. नियमित योग और व्यायाम से माइग्रेन से बचा जा सकता है।


माइग्रेन से बचने के टिप्स

माइग्रेन के मरीजों को तेज धूप में बाहर जाने से बचना चाहिए। तेज गंध वाले इत्र से परहेज करें और पर्याप्त नींद लें।


हर रोज 12-15 गिलास पानी पिएं और तांबे के बर्तन में रखा पानी सुबह खाली पेट पिएं।


नाक में देशी घी डालने के अन्य फायदे

1. हार्ट अटैक से बचाव में मदद करता है।


2. त्वचा संबंधी रोगों में चमत्कारिक प्रभाव डालता है।


3. बालों के झड़ने की समस्या को कम करता है।


4. आंखों की ज्योति बढ़ाने में सहायक है।


5. कोमा से बाहर लाने में मदद करता है।