महाराष्ट्र में केतन अग्रवाल की हत्या: मुख्यमंत्री फडणवीस की चिंताएं
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने केतन अग्रवाल की हत्या पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने इसे केवल एक अपराध नहीं, बल्कि समाज की गहरी समस्याओं का आईना बताया। फडणवीस ने सवाल उठाया कि पढ़े-लिखे परिवारों के बच्चों में ऐसी नकारात्मक सोच क्यों विकसित होती है। इस मामले में पुलिस ने अग्रवाल की मंगेतर और उसके प्रेमी पर हत्या की साजिश का आरोप लगाया है। जानें इस चौंकाने वाली घटना के पीछे की पूरी कहानी और मुख्यमंत्री की चिंताएं।
Jun 26, 2026, 14:35 IST
मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शुक्रवार को केतन अग्रवाल की हत्या पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि इसे केवल एक अपराध के रूप में नहीं, बल्कि समाज की गहरी समस्याओं के संदर्भ में भी देखना चाहिए। उन्होंने इसे "कल्पना से परे" बताते हुए यह सवाल उठाया कि पढ़े-लिखे और आर्थिक रूप से सक्षम परिवारों के बच्चों में ऐसी नकारात्मक और विनाशकारी सोच क्यों विकसित होती है। फडणवीस ने कहा कि समाज को उन कारणों पर विचार करने की आवश्यकता है जो कम उम्र में ऐसी सोच को जन्म देते हैं।
सामाजिक दृष्टिकोण की आवश्यकता
फडणवीस ने इस मुद्दे पर गहराई से सोचने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस मामले को केवल एक अपराध के रूप में नहीं, बल्कि सामाजिक दृष्टिकोण से भी देखना चाहिए। मुख्यमंत्री ने ऐसे माहौल और सामाजिक ढांचे की आवश्यकता पर बल दिया जो बच्चों में क्रूरता और प्रतिशोध की भावना को रोक सके। उन्होंने कहा कि समाज को यह विचार करना चाहिए कि किस प्रकार का वातावरण और व्यवस्था बनाई जाए ताकि बच्चों में इतनी कम उम्र में क्रूरता न पनपे। यह घटना वास्तव में बहुत चौंकाने वाली है।
हत्या की जांच
पुणे के एक व्यवसायी केतन अग्रवाल की मृत्यु 18 जून को लोहगढ़ किले में एक खाई में गिरने से हुई, जो उनके 25वें जन्मदिन से एक दिन पहले की घटना थी। प्रारंभ में इसे एक दुर्घटना माना गया, लेकिन बाद में जांचकर्ताओं ने ऐसे सबूत पाए जो यह दर्शाते हैं कि यह एक सोची-समझी हत्या थी, जिसके बाद हत्या का मामला दर्ज किया गया।
साजिश का खुलासा
पुलिस का आरोप है कि अग्रवाल की मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी ने मिलकर उन्हें रास्ते से हटाने की साजिश रची थी, क्योंकि सिया शादी नहीं करना चाहती थी। जांचकर्ताओं का दावा है कि लोहगढ़ किले में हुई कथित हत्या की साजिश के सफल होने से पहले अग्रवाल को मारने की कम से कम तीन असफल कोशिशें की गई थीं।