भारत की ऊर्जा सुरक्षा: ईंधन और गैस की आपूर्ति में कोई कमी नहीं
भारत की ऊर्जा सुरक्षा पर महत्वपूर्ण अपडेट
पश्चिम एशिया में चल रहे तनाव और युद्ध की स्थिति को ध्यान में रखते हुए, भारत के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने रविवार को देश की ऊर्जा सुरक्षा और आपूर्ति के बारे में एक महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों के बावजूद, भारत में ईंधन और गैस की कोई कमी नहीं है।
ईंधन और गैस की आपूर्ति की स्थिति
मंत्रालय ने नागरिकों को आश्वस्त किया है कि देश के सभी पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार मौजूद है। लोगों से अनुरोध किया गया है कि वे सोशल मीडिया या अन्य स्रोतों से फैलने वाली अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराएं नहीं।
यूरिया संयंत्रों और एलएनजी की स्थिति
खाद उत्पादन के लिए आवश्यक यूरिया संयंत्रों को गैस की आपूर्ति पिछले 6 महीनों के औसत के 70-75% पर स्थिर बनी हुई है। सरकार ने बताया है कि इस आपूर्ति को बनाए रखने के लिए अतिरिक्त एलएनजी और आर-एलएनजी की विशेष व्यवस्था की जा रही है, ताकि कृषि और उद्योगों पर कोई नकारात्मक प्रभाव न पड़े।
एलपीजी और नए गैस कनेक्शन
मार्च महीने में घरेलू, वाणिज्यिक, हॉस्टल और कैंटीन जैसी श्रेणियों में 2.9 लाख से अधिक नए गैस कनेक्शन जारी किए गए हैं। इसके अलावा, लगभग 94,000 मीट्रिक टन एलपीजी लेकर दो बड़े मालवाहक जहाज सुरक्षित रूप से युद्ध प्रभावित क्षेत्र से निकलकर भारतीय तटों की ओर बढ़ रहे हैं।
बंदरगाहों और दूतावासों की स्थिति
भारत के सभी बंदरगाह सामान्य रूप से कार्यरत हैं और कहीं भी जहाजों की भीड़ या रुकावट की कोई सूचना नहीं है। सरकार खाड़ी देशों की स्थिति पर बारीकी से नजर रख रही है। भारतीय दूतावास वहां रहने वाले नागरिकों, छात्रों और नाविकों को वीजा और अन्य आवश्यक सहायता प्रदान कर रहे हैं।