बॉम्बे हाईकोर्ट ने 'रामायण: राइज ऑफ ए लीजेंड' को दिया अंतरिम कॉपीराइट संरक्षण
फिल्म को मिला महत्वपूर्ण न्यायिक संरक्षण
मुंबई। नमित मल्होत्रा की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'रामायण: राइज ऑफ ए लीजेंड' के संबंध में बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया है। अदालत ने फिल्म को कॉपीराइट उल्लंघन से बचाने के लिए अंतरिम संरक्षण प्रदान किया है, जिससे अज्ञात व्यक्तियों और डिजिटल प्लेटफॉर्म को फिल्म की बिना अनुमति रिकॉर्डिंग करने, उसे इंटरनेट पर अपलोड करने, होस्ट करने या प्रसारित करने से रोका जा सकेगा। इस आदेश के बाद, फिल्म से संबंधित किसी भी अवैध सामग्री, वीडियो और मिरर वेबसाइटों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई की जा सकेगी। फिल्म 5 नवंबर 2026 को रिलीज होने वाली है, और इस न्यायिक संरक्षण को निर्माताओं के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
अदालत का आदेश और याचिका का विवरण
बॉम्बे हाईकोर्ट ने सोमवार को गॉडपावर मीडिया प्राइवेट लिमिटेड की ओर से दायर याचिका पर यह अंतरिम आदेश सुनाया। कंपनी ने कॉपीराइट उल्लंघन की आशंका जताते हुए फिल्म की पटकथा, किरदारों, दृश्यों, गीतों, ऑडियो और वीडियो रिकॉर्डिंग सहित सभी रचनात्मक सामग्री को कानूनी संरक्षण देने की मांग की थी। याचिका में कहा गया कि फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग के दौरान गोपनीयता संबंधी शर्तें लागू होने के बावजूद कुछ लोगों ने ट्रेलर की चोरी-छिपे रिकॉर्डिंग कर ली और उसे इंटरनेट पर प्रसारित कर दिया।
विशेष स्क्रीनिंग में रिकॉर्डिंग की गई सामग्री
अदालत को बताया गया कि 'रामायण: राइज ऑफ ए लीजेंड' की विशेष स्क्रीनिंग केवल आमंत्रित व्यक्तियों के लिए आयोजित की गई थी। इसमें शामिल लोगों को फिल्म की सामग्री को गोपनीय रखने और बिना अनुमति किसी भी तरह की रिकॉर्डिंग या प्रसारण नहीं करने की शर्तों का पालन करना था। इसके बावजूद, फिल्म के दो ट्रेलर चोरी-छिपे रिकॉर्ड कर लिए गए और बाद में उन्हें विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्म पर प्रसारित कर दिया गया।
निर्माताओं की चिंताएं और अदालत का निर्णय
निर्माता कंपनी ने अदालत के सामने आशंका जताई कि यदि समय रहते इस तरह की गतिविधियों पर रोक नहीं लगाई गई, तो फिल्म के महत्वपूर्ण दृश्य और सामग्री बड़े पैमाने पर इंटरनेट पर उपलब्ध हो सकती है। इससे फिल्म के व्यावसायिक हितों को नुकसान पहुंचने के साथ-साथ निर्माताओं के बौद्धिक संपदा अधिकारों का भी उल्लंघन होगा।
फिल्म के बजट और कॉपीराइट अधिकार
सुनवाई के दौरान अदालत को फिल्म के विशाल बजट के बारे में भी जानकारी दी गई। निर्माता पक्ष ने बताया कि फिल्म के पहले भाग को बनाने में लगभग 2,000 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जबकि दोनों भागों का कुल बजट करीब 4,000 करोड़ रुपये है। निर्माताओं का कहना था कि फिल्म की पटकथा, पात्रों की संरचना, दृश्य, संगीत और अन्य रचनात्मक सामग्री पर उनके कॉपीराइट अधिकार हैं।
गूगल और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की प्रतिक्रिया
सुनवाई के दौरान गूगल और अन्य वैश्विक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील ने अदालत को बताया कि उन्हें अंतरिम राहत देने संबंधी आदेश पर कोई आपत्ति नहीं है। उन्होंने आश्वासन दिया कि संबंधित प्लेटफॉर्म को अवैध सामग्री के लिंक की सूचना मिलने पर आवश्यक कार्रवाई शीघ्र की जाएगी।
अगली सुनवाई की तारीख
बॉम्बे हाईकोर्ट ने इस मामले की अगली सुनवाई के लिए 16 दिसंबर की तारीख निर्धारित की है। तब तक अदालत का दिया गया अंतरिम संरक्षण प्रभावी रहेगा।
फिल्म का निर्देशन और कलाकार
'रामायण: राइज ऑफ ए लीजेंड' का निर्देशन नितेश तिवारी ने किया है। यह फिल्म महर्षि वाल्मीकि द्वारा रचित प्राचीन महाकाव्य रामायण पर आधारित है। अभिनेता यश भी इस फिल्म के सह-निर्माता के रूप में जुड़े हुए हैं। फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम की भूमिका निभा रहे हैं, जबकि साई पल्लवी माता सीता के किरदार में नजर आएंगी।