बिजनौर में फर्जी अधिकारियों का गिरोह गिरफ्तार, होटल मालिकों से वसूली करते थे
बिजनौर में गिरोह का पर्दाफाश
उत्तर प्रदेश के बिजनौर में एक पति-पत्नी का गिरोह पकड़ा गया है, जो होटल में छापेमारी का नाटक कर होटल मालिकों से पैसे वसूलते थे। ये लोग खुद को सरकारी अधिकारी बताकर होटल संचालकों को सीलिंग की धमकी देते थे। हाल ही में नजीबाबाद के एक होटल में छापेमारी करने पहुंचे इन जालसाजों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उन्होंने खुद को "राष्ट्रीय हिंदू एकता संघ भारत" का सदस्य बताया।
गिरोह के सदस्यों की पहचान
गिरोह के लीडर जगजीत और उनकी पत्नी प्रियंका के रूप में पहचाने गए हैं। पुलिस के अनुसार, शुक्रवार को नजीबाबाद के राजन होटल में पांच लोग घुसकर खुद को प्रशासनिक अधिकारी बताने लगे और होटल की तलाशी लेने लगे। चूंकि उनके पास कोई आधिकारिक आदेश या पुलिस बल नहीं था, होटल स्टाफ को उन पर शक हुआ और उन्होंने पुलिस को सूचित किया।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। नजीबाबाद के सीओ अंजनी कुमार चतुर्वेदी ने बताया कि सभी आरोपी बिजनौर के लख्खीवाला गांव के निवासी हैं। ये लोग जिले में अवैध वसूली का गिरोह चला रहे थे और पहले भी कई होटलों में इसी तरह की छापेमारी कर पैसे वसूल चुके हैं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गिरोह ने कितने होटलों से पैसे लिए हैं। फिलहाल, आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है।
व्यापारियों का आक्रोश
इस घटना के बाद बिजनौर के होटल व्यवसायियों और स्थानीय व्यापारियों में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि यह गिरोह पिछले कुछ समय से सक्रिय था और विभिन्न होटलों पर दबाव बनाकर अवैध रूप से वसूली कर रहा था। होटल संचालकों ने प्रशासन से इन फर्जी तत्वों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। व्यापारियों का आरोप है कि यह गिरोह होटल सील कराने की धमकी देकर लाखों रुपये की वसूली कर चुका है।