प्रधानमंत्री मोदी पर अभिजीत दिपके का तंज: इन्फ्लुएंसर बनने का सुझाव
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा कि उन्हें इन्फ्लुएंसर बन जाना चाहिए। NEET पेपर लीक के खिलाफ चल रहे प्रदर्शनों के बीच, दिपके ने छात्रों को परेशान करने की कार्रवाई पर चिंता जताई। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने छात्रों को निशाना बनाना जारी रखा, तो आंदोलन फिर से शुरू हो सकता है। दिपके का कहना है कि छात्रों का भविष्य देश का भविष्य है और उन्हें इस तरह परेशान नहीं किया जाना चाहिए।
Jul 30, 2026, 12:10 IST
NEET पेपर लीक पर अभिजीत दिपके की टिप्पणी
NEET परीक्षा के पेपर लीक के खिलाफ देशभर में चल रहे प्रदर्शनों के बीच, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि मोदी को अपने पद से इस्तीफा देकर एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर बन जाना चाहिए। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद, दिपके ने अपने गृहनगर लौटते समय मीडिया से बातचीत में यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि पीएम मोदी एक इन्फ्लुएंसर के रूप में अधिक प्रभावी होंगे और उन्हें यह जिम्मेदारी किसी और को सौंप देनी चाहिए। दिपके ने कहा, "मुझे लगता है कि प्रधानमंत्री मोदी को इन्फ्लुएंसर बन जाना चाहिए। वे इस भूमिका में अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं।"
छात्रों के खिलाफ कार्रवाई पर चिंता
दिपके ने यह भी आरोप लगाया कि प्रदर्शन समाप्त होने के बाद भी छात्रों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने राज्य सरकारों पर प्रदर्शनकारियों को निशाना बनाने का आरोप लगाया। उनका कहना था कि सीजेपी के विरोध प्रदर्शन खत्म होने के बाद, विभिन्न राज्यों की सरकारें प्रदर्शनकारियों को खोजकर उन्हें परेशान कर रही हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने छात्रों को परेशान करना जारी रखा, तो प्रदर्शनकारी आगामी चुनावों में सरकार को सबक सिखा सकते हैं। दिपके ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से जनता का गुस्सा कम नहीं हुआ है, और यह गुस्सा सरकार के खिलाफ है।
छात्रों का भविष्य और सरकार की जिम्मेदारी
दिपके ने चेतावनी दी कि यदि छात्रों को निशाना बनाना जारी रहा, तो आंदोलन फिर से शुरू हो सकता है। उन्होंने कहा कि सरकार को यह समझना चाहिए कि प्रदर्शन का अंत आंदोलन का अंत नहीं है। "ये छात्र आतंकवादी नहीं हैं, बल्कि हमारे देश का भविष्य हैं। अगर भविष्य को इस तरह परेशान किया गया, तो हमें सरकार को बदलने के लिए मजबूर होना पड़ेगा," उन्होंने कहा। दिपके ने यह भी कहा कि यदि आवश्यक हुआ, तो अगला आंदोलन "बहुत बड़े स्तर पर" होगा।