प्रधानमंत्री मोदी ने रोजगार योजना के तहत 2,400 करोड़ रुपये का वितरण किया
प्रधानमंत्री मोदी की रोजगार योजना का लाभ
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के अंतर्गत लगभग 15 लाख लाभार्थियों के लिए 2,400 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि का वितरण किया। इस अवसर पर उन्होंने बताया कि यह योजना पहली बार नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं और उद्योग के बीच एक पुल का काम करती है। मोदी ने कहा कि सरकार उन नियोक्ताओं को प्रोत्साहित करती है जो नए रोजगार सृजन में योगदान देते हैं। इस योजना के माध्यम से 70 लाख नौकरियों का सृजन हुआ है, जिससे लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा का लाभ भी मिला है। उन्होंने यह भी कहा कि जब युवा और उद्योग मिलकर काम करते हैं, तो रोजगार सृजन की प्रक्रिया तेज होती है.
युवाओं की क्षमता और अवसर
प्रधानमंत्री ने कहा कि वह हाल ही में फ्रांस और स्लोवाकिया की यात्रा से लौटे हैं, जहां उन्होंने G7 शिखर सम्मेलन में विकसित देशों के नेताओं से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि आज दुनिया भारत की युवा शक्ति की चर्चा कर रही है और यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि हर युवा अपनी क्षमता को अवसर में बदल सके। इसी सोच के साथ 'प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना' की शुरुआत की गई है.
रोजगार सृजन के आंकड़े
उन्होंने आगे कहा कि इस योजना के तहत अब तक लगभग 70 लाख नौकरियां उत्पन्न हुई हैं। लगभग 70 लाख लोगों को सोशल सिक्योरिटी कवरेज भी मिला है, जो पहली बार नौकरी कर रहे हैं। लगभग 20 लाख युवाओं ने अपनी पहली नौकरी में छह महीने पूरे कर लिए हैं, और इनमें से लगभग 10 लाख युवाओं को इस योजना के तहत लाभ मिला है। उनके बैंक खातों में सीधे ₹2,000 करोड़ से अधिक की राशि भेजी गई है, जो उनकी मेहनत की पहचान है.
भारत का भविष्य और युवा
मोदी ने कहा कि ये आंकड़े दर्शाते हैं कि जब सरकार, युवा और उद्योग एक साथ मिलकर काम करते हैं, तो रोजगार निर्माण की गति कई गुना बढ़ जाती है। पीएम विकसित भारत रोजगार मेला योजना, इसी नए भारत की पहचान है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत का रास्ता युवाओं के सपनों, कौशल और सामर्थ्य से होकर गुजरता है. भारत जैसे युवा देश में अवसरों के स्रोत जितने अधिक होंगे, युवाओं के सपनों को उतनी ही अधिक उड़ान मिलेगी.
भविष्य की अर्थव्यवस्था
प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि दुनिया भविष्य की अर्थव्यवस्था के लिए तैयार हो रही है और भारत इस क्षेत्र में नेतृत्व करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। फ्यूचर टेक्नोलॉजी की ओर बढ़ते हुए, भारत अपने युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने में जुटा है। यह भारत के युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर है, और हमें इसका पूरा लाभ उठाना चाहिए.