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प्रधानमंत्री मोदी ने 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य पर जोर दिया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को 2047 तक एक विकसित भारत के निर्माण के लिए नागरिकों से संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला के विकास और विभिन्न क्षेत्रों में निवेश के माध्यम से लाखों रोजगार के अवसरों की जानकारी दी। मोदी ने समुद्री और एयरोस्पेस क्षेत्रों में सरकार के प्रयासों का भी उल्लेख किया, जिसमें उच्च स्तरीय इंजीनियरिंग क्षमताओं को स्थापित करने के लिए महत्वपूर्ण निवेश शामिल है। वैश्विक साझेदारियों के महत्व पर जोर देते हुए, उन्होंने भारतीय युवाओं के लिए नए अवसरों की संभावनाओं को उजागर किया।
 

प्रधानमंत्री का संकल्प

शनिवार को, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी नागरिकों से अपील की कि वे 2047 तक एक विकसित राष्ट्र के निर्माण के लिए प्रयासरत रहें। उन्होंने बताया कि भारत में एक व्यापक सेमीकंडक्टर आपूर्ति श्रृंखला का विकास हो रहा है, जिसमें 10 प्रमुख घरेलू कंपनियां वैश्विक स्तर पर प्रभाव डालने के लिए तैयार हैं। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित रोजगार मेले में, उन्होंने कहा कि प्रमुख विनिर्माण और इंजीनियरिंग क्षेत्रों में भारी निवेश से लाखों उच्च गुणवत्ता वाले रोजगार के अवसर उत्पन्न हो रहे हैं।


सेमीकंडक्टर का विकास

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हर भारतीय एक बड़े संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है, जिसका उद्देश्य 2047 तक एक विकसित भारत का निर्माण करना है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए देश विभिन्न क्षेत्रों में निवेश कर रहा है, जिससे लाखों नए रोजगार के अवसर उत्पन्न हो रहे हैं। भारत में सेमीकंडक्टर विनिर्माण के लिए एक संपूर्ण आपूर्ति श्रृंखला तैयार की जा रही है, और आने वाले समय में, भारत की 10 प्रमुख सेमीकंडक्टर इकाइयां वैश्विक पहचान बनाएंगी।


समुद्री और एयरोस्पेस क्षेत्र में निवेश

प्रधानमंत्री ने समुद्री और एयरोस्पेस क्षेत्रों में सरकार के रणनीतिक फोकस का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने बताया कि उच्च स्तरीय इंजीनियरिंग क्षमताओं को स्थापित करने के लिए महत्वपूर्ण वित्तीय और संरचनात्मक पहलों पर ध्यान दिया जा रहा है। भारत जहाज निर्माण से लेकर मरम्मत और नवीनीकरण तक का एक संपूर्ण इकोसिस्टम विकसित कर रहा है, जिसमें लगभग 75,000 करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है।


वैश्विक साझेदारियों का महत्व

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वैश्विक साझेदारियां देश के कार्यबल के लिए अभूतपूर्व अवसर प्रदान कर रही हैं। उन्होंने बताया कि नवाचार, निर्माण और बड़े पैमाने पर सेवाएं प्रदान करने वाले देशों का सम्मान किया जाता है। भारत अपनी युवा शक्ति के बल पर इन तीनों क्षेत्रों में तेजी से प्रगति कर रहा है। हर नई साझेदारी के साथ, भारतीय स्टार्टअप, शोधकर्ताओं और युवा पेशेवरों के लिए नए रास्ते खुल रहे हैं।