पुणे में खुदाई के दौरान मिले मुग़लकालीन सोने के सिक्के, दो गिरफ्तार
पुणे में खुदाई से मिली सोने की मुद्राएं
पुणे के पिंपरी चिंचवाड़ के चिखली क्षेत्र में खुदाई के दौरान दो व्यक्तियों को सोने के सिक्के मिले। इन लोगों ने इन सिक्कों को प्रशासन से छुपाकर बेचने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया। इस घटना में पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, निर्माण स्थल पर 216 सोने की मुद्राएं बरामद हुई थीं, जिन्हें आरोपियों ने छुपा रखा था। इनका इरादा था कि वे इन सिक्कों को बेचकर पैसे कमाएंगे, लेकिन उनकी योजना विफल हो गई।
पुलिस कमिश्नर कृष्ण प्रकाश ने बताया कि सिक्कों की जांच में पता चला कि ये मुग़लकालीन हैं और इनकी कुल कीमत लगभग 70 हजार रुपये है। इन सिक्कों का वजन 2357 ग्राम है।
पुलिस नायक जमीर तंबोली को सूचना मिली थी कि विठ्ठल नगर झुग्गी में रहने वाला सद्दाम खान पठान कुछ सोने के सिक्कों को बेचने की कोशिश कर रहा है। शक होने पर तंबोली ने उसका पीछा किया और उसकी झोपड़ी की तलाशी ली, जिसमें कई सिक्के मिले। पूछताछ में पठान ने पूरी जानकारी दी।
पठान ने बताया कि उसके ससुर मुबारक शेख और साले मेवना इरफान शेख को ये सिक्के पुणे की एक निर्माण साइट पर खुदाई के दौरान मिले थे। दोनों मजदूर हैं और उन्होंने इन सिक्कों के बारे में किसी को नहीं बताया। पठान ने कहा कि मुबारक और मेवना के कहने पर ही वह सिक्कों को बेचने की कोशिश कर रहा था।
इस मामले में सद्दाम पठान और मुबारक शेख को हिरासत में लिया गया है, जबकि एक अन्य आरोपी फरार है, जिसकी पुलिस तलाश कर रही है।
ये मुग़लकालीन सोने की मुद्राएं 1720 से 1750 के बीच की बताई जा रही हैं, जो औरंगजेब के शासनकाल के दौरान बनाई गई थीं। इन पर उर्दू और अरबी भाषा में लिखा हुआ है। इन मुद्राओं को पुरातत्व विभाग को सौंप दिया गया है और निर्माण स्थल की भी जांच की जा रही है।