पश्चिम बंगाल में बीजेपी नेता के PA की हत्या का मामला: सीबीआई की जांच में नए खुलासे
बीजेपी नेता के PA की हत्या का रहस्य
पश्चिम बंगाल में चुनाव के दौरान बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के निजी सचिव चंद्रनाथ रथ की हत्या से जुड़ा एक महत्वपूर्ण खुलासा हुआ है। इस हत्या में जिस वाहन का उपयोग किया गया, वह बलिया के बांसडीह रोड क्षेत्र से केवल 50 हजार रुपये में खरीदी गई थी। सीबीआई ने इस मामले में बलिया के एक व्यापारी सहित कई व्यक्तियों से पूछताछ की है, और बलिया से तीसरी गिरफ्तारी भी हो चुकी है.
कार की खरीद का विवरण
सीबीआई के अनुसार, हत्या में प्रयुक्त कार शीतल दवनी निवासी ज्ञानेंद्र सिंह मोनू ने 1 मई 2026 को बांसडीह रोड के फुलवरिया गांव के व्यापारी जितेंद्र सिंह से 50 हजार रुपये में खरीदी थी। ज्ञानेंद्र सिंह मोनू पर छत्तीसगढ़ और उत्तर प्रदेश में फायरिंग, गैंगस्टर एक्ट समेत 12 से अधिक मामले दर्ज हैं.
कार का चेन कैसे बना?
जितेंद्र सिंह ने सीबीआई को बताया कि छठ पूजा के दौरान गांव के दीपक सिंह उर्फ मिट्ठू ने उन्हें हुसैनाबाद गांव के एक व्यक्ति की कार बिक्री की जानकारी दी। 35 हजार रुपये में कार खरीदने के बाद, दीपक सिंह ने इसे 50 हजार रुपये में बेचने का प्रस्ताव रखा। लालच में आकर जितेंद्र सिंह ने कार ज्ञानेंद्र सिंह मोनू को बेच दी। कार अभी भी असली मालिक के नाम पर रजिस्टर्ड है, और कागजात का ट्रांसफर नहीं हो सका है.
सीबीआई की गिरफ्तारी
इस मामले में सीबीआई ने बुधवार को बलिया के फेफना थाना क्षेत्र के धमह्मपुरा गांव निवासी नवीन सिंह को गिरफ्तार किया। इससे पहले राज सिंह और राजकुमार सिंह को भी गिरफ्तार किया गया था। सीबीआई के अनुसार, राजकुमार सिंह की निशानदेही पर नवीन सिंह को पकड़ा गया। नवीन सिंह को अदालत में पेश किया गया, जहां ट्रांजिट रिमांड की मांग खारिज कर दी गई.
जांच का दायरा बढ़ता जा रहा है
कोर्ट ने नवीन सिंह को न्यायिक हिरासत में मऊ जेल भेज दिया है। सीबीआई अब हत्या में इस्तेमाल हुई कार को बरामद करने की कोशिश कर रही है। बदमाश इसी कार से बलिया से कोलकाता पहुंचे, हत्या को अंजाम दिया और फरार हो गए। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी की इस हत्या की जांच सीबीआई कर रही है, और उनकी टीम बलिया में जांच का दायरा बढ़ा रही है। सूत्रों के अनुसार, अगले कुछ दिनों में और गिरफ्तारियां हो सकती हैं.