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पश्चिम बंगाल में अवैध खनन पर शुभेंदु अधिकारी के गंभीर आरोप

पश्चिम बंगाल के नेता शुभेंदु अधिकारी ने बीरभूम जिले में पिछले 15 वर्षों में 15,000 करोड़ रुपये के राजस्व के नुकसान का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि यह सब पूर्व सरकार के समर्थन के बिना संभव नहीं था। टुल्लू मंडल नामक पत्थर व्यापारी के इर्द-गिर्द चल रहे गिरोह पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं, जिसमें अवैध खनन और सरकारी विभागों की मिलीभगत शामिल है। पुलिस ने इस गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में नकद और सोना बरामद किया है। जानें इस मामले में और क्या कुछ सामने आया है।
 

शुभेंदु अधिकारी का आरोप

पश्चिम बंगाल के नेता शुभेंदु अधिकारी ने शुक्रवार को बीरभूम जिले में पिछले 15 वर्षों में लगभग 15,000 करोड़ रुपये के राजस्व के नुकसान का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यह सब पूर्व सरकार के समर्थन के बिना संभव नहीं था। राज्य सचिवालय में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में शुभेंदु ने बताया कि पत्थर के व्यापारी मोहम्मद नजीबुद्दीन उर्फ टुल्लू मंडल के चारों ओर चल रहा यह गिरोह राजनीतिक संरक्षण और संस्थागत समर्थन के बिना इतने लंबे समय तक नहीं चल सकता था। टुल्लू मंडल इस समय फरार है।


सरकारी विभागों की मिलीभगत

शुभेंदु ने आरोप लगाया कि कई सरकारी विभाग या तो मिलीभगत में थे या फिर 'ऊपर से मिले' निर्देशों के तहत चुप रहे। उन्होंने कहा कि मंडल ने पिछले कुछ वर्षों में 242 गाड़ियां और 300 बीघा जमीन जमा की थी। उनका कहना था, 'पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के समर्थन के बिना, इतने बड़े गिरोह का इतने लंबे समय तक चलना असंभव है।' यह आरोप तब आया है जब पुलिस ने बीरभूम जिले में अवैध खनन और राजस्व के नुकसान के खिलाफ कार्रवाई करते हुए टुल्लू मंडल के घर से 28.5 करोड़ रुपये नकद और 15 किलो सोना बरामद किया है।


राजस्व की हेराफेरी

शुभेंदु ने ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि 'सालों से राजस्व की हेराफेरी करने वाला एक संगठित गिरोह... संस्थान के प्रमुख की सहमति के बिना काम नहीं कर सकता।' उन्होंने कहा कि अगर उच्च स्तर से निर्देश नहीं आते, तो कोई भी मंडल पर ध्यान नहीं देता। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी है कि इस तरह का भ्रष्टाचार हुआ।


राजस्व में वृद्धि

मुख्यमंत्री ने कहा कि अवैध खनन और राजस्व के नुकसान के खिलाफ कार्रवाई के परिणामस्वरूप मंडल और उनके सहयोगियों से जुड़ी संपत्तियों को बरामद किया गया है। उन्होंने बताया कि मंडल के घर से 28.5 करोड़ रुपये नकद और लगभग 50 करोड़ रुपये मूल्य का 15 किलो सोना बरामद किया गया। पुलिस ने बाद में की गई छापेमारी में चांदी और प्लेटिनम के गहनों के अलावा 53 लाख रुपये नकद भी जब्त किए।


टुल्लू मंडल की संपत्ति

शुभेंदु ने बताया कि कार्रवाई के दौरान, टुल्लू मंडल के बैंक खाते से 93 करोड़ रुपये के लेन-देन पर रोक लगा दी गई है। उन्होंने कहा कि जांचकर्ताओं ने 21 संपत्तियों, एक फार्महाउस, दो पेट्रोल पंप, पार्किंग की सुविधा, पत्थर की खदानें, क्रशर और 300 बीघा जमीन का पता लगाया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकारियों ने 242 वाहनों की पहचान की है, जिनमें ट्रक, डंपर और लग्जरी कारें शामिल हैं।


अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा का मामला

मुख्यमंत्री ने कहा कि टुल्लू मंडल की लगभग 150 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति पहले ही जब्त की जा चुकी है और इसे कानून के अनुसार नीलाम किया जाएगा। उन्होंने बताया कि नई भाजपा सरकार के सत्ता में आने के 11 हफ्तों के भीतर राज्य के राजस्व में पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 12 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। उन्होंने बीरभूम पुलिस और पुलिस महानिदेशक की मेहनत की सराहना की।


संवेदनशील मामला

मुख्यमंत्री ने कहा कि मंडल देश छोड़कर भाग गया है, जबकि उसके कई करीबी सहयोगियों को हिरासत में लिया गया है। उन्होंने बर्दवान से जैश-ए-मोहम्मद के एक संदिग्ध सदस्य की गिरफ्तारी पर टिप्पणी करने से परहेज किया। उन्होंने कहा, 'यह बहुत संवेदनशील मामला है। इसके अंतरराष्ट्रीय तार जुड़े हैं और यह राष्ट्रीय सुरक्षा से संबंधित है। विशेष कार्यबल इस मामले की जांच कर रहा है।'