पटना में बीपीएससी उम्मीदवारों का विरोध, पुलिस ने किया लाठीचार्ज
पटना में बीपीएससी उम्मीदवारों ने शिक्षक भर्ती परीक्षा (टीआरई) 4.0 की अधिसूचना जारी करने की मांग को लेकर बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई। छात्र नेता दिलीप कुमार ने सरकार पर आरोप लगाया कि वह बेरोजगार युवाओं की चिंताओं की अनदेखी कर रही है। यदि जल्द ही भर्ती अधिसूचना जारी नहीं की गई, तो आंदोलन अनिश्चितकालीन विरोध में बदल सकता है।
May 8, 2026, 14:47 IST
पटना में अशांति का माहौल
बिहार में नए मंत्रियों के शपथ ग्रहण के अगले दिन, पटना की सड़कों पर तनाव बढ़ गया। पुलिस ने बीपीएससी उम्मीदवारों पर लाठीचार्ज किया, जो विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। शुक्रवार को स्थिति और भी गंभीर हो गई जब शिक्षक भर्ती परीक्षा (टीआरई) 4.0 के लिए तैयारी कर रहे छात्रों की एक बड़ी संख्या एकत्रित हुई और बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) से आधिकारिक भर्ती अधिसूचना जारी करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों की मांगें
प्रदर्शनकारियों ने टीआरई 4.0 अधिसूचना में देरी के खिलाफ नारेबाजी की और बिहार सरकार से भर्ती प्रक्रिया के बारे में स्पष्ट जानकारी मांगी। जैसे-जैसे भीड़ बढ़ी और विरोध तेज हुआ, पुलिस ने हस्तक्षेप किया और प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया। कैबिनेट विस्तार के 24 घंटे के भीतर, लगभग 10,000 उम्मीदवार सड़कों पर उतर आए। उनका विरोध मार्च पटना कॉलेज से शुरू होकर डाक बंगला चौक की ओर बढ़ा, जिससे शहर में यातायात ठप हो गया।
छात्र नेताओं की चिंताएं
छात्र नेता दिलीप कुमार के नेतृत्व में इस विरोध प्रदर्शन में तीन प्रमुख मांगें उठाई गईं। उम्मीदवारों ने आरोप लगाया कि सरकार टीआरई 3 भर्ती प्रक्रिया में अनावश्यक देरी कर रही है, जबकि लाखों उम्मीदवार टीआरई 4 अधिसूचना का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने यह भी मांग की कि सरकार रिक्तियों की सही संख्या सार्वजनिक करे और भर्ती अधिसूचना जारी करने की स्पष्ट समय सीमा बताए। इसके अलावा, उन्होंने स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता देने वाली अधिवास नीति को सख्ती से लागू करने की मांग की।
सरकार की अनदेखी पर नाराजगी
दिलीप कुमार ने प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार भर्ती परीक्षाओं की तैयारी कर रहे बेरोजगार युवाओं की अनदेखी कर रही है। उन्होंने कहा कि उम्मीदवारों ने सरकारी नौकरियों की तैयारी में महीनों बिताए हैं, लेकिन उनकी चिंताओं पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भर्ती अधिसूचना जल्द जारी नहीं की गई, तो आंदोलन अनिश्चितकालीन विरोध प्रदर्शन में बदल सकता है।