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पटना में नीट छात्रा की संदिग्ध मौत: सीबीआई जांच का आदेश

पटना में नीट छात्रा की संदिग्ध मौत के मामले में सीबीआई जांच का आदेश दिया गया है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस बात की पुष्टि की है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने केंद्र से जांच की मांग की थी। इस मामले में पहले बिहार पुलिस की एसआईटी जांच कर रही थी, लेकिन अब स्थिति में नया मोड़ आया है। राजनीतिक दलों की प्रतिक्रियाएं भी सामने आ रही हैं, जिसमें राजद ने सरकार पर सवाल उठाए हैं। जानें इस मामले में और क्या हो रहा है।
 

सीबीआई जांच का निर्णय


पटना, बिहार में एक नीट छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में एक महत्वपूर्ण विकास हुआ है। अब इस मामले की जांच सीबीआई द्वारा की जाएगी। यह जानकारी बिहार के उपमुख्यमंत्री और गृह विभाग के मंत्री सम्राट चौधरी ने दी। पहले इस मामले की जांच बिहार पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) कर रही थी।


सम्राट चौधरी ने शनिवार को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने केंद्र सरकार से इस मामले की सीबीआई जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस घटना की जांच पारदर्शी और न्यायपूर्ण तरीके से की जाएगी।


जांच में नया मोड़

इस मामले की जांच के दौरान कई संदिग्धों को हिरासत में लिया गया था। एफएसएल की जांच में मृतका के अंतर्वस्त्र पर पुरुष स्पर्म के अवशेष पाए गए थे, जिसके बाद पुलिस ने अन्य संदिग्धों के डीएनए सैंपल भी लिए। मृतका के परिवार ने हाल ही में डीजीपी से मुलाकात की थी, जिसमें उन्होंने कई मुद्दों पर चर्चा की। अब उपमुख्यमंत्री द्वारा दी गई जानकारी ने मामले को एक नया मोड़ दे दिया है, जिससे राजनीतिक हलचल भी तेज हो गई है।


राजद की प्रतिक्रिया

एजाज अहमद ने राज्य सरकार को घेरा


राष्ट्रीय जनता दल (राजद) ने इस मामले पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। राजद के प्रवक्ता एजाज अहमद ने कहा कि राज्य सरकार बेटी बचाने और पढ़ाने के बड़े-बड़े नारे देती है, लेकिन नीट छात्रा के मामले में जांच प्रक्रिया से ऐसा लगता है कि सरकार न तो बेटियों की सुरक्षा चाहती है और न ही उन्हें पढ़ने देना चाहती है।


बीजेपी का बयान

क्या बोले बीजेपी के प्रभाकर मिश्रा?


भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने इस मामले पर अलग राय रखी है। पार्टी के प्रवक्ता प्रभाकर मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने स्पष्ट किया है कि बेटियों के न्याय में कोई समझौता नहीं होगा। उन्होंने कहा कि सीबीआई जांच की मांग से यह साबित होता है कि सुशासन केवल एक शब्द नहीं, बल्कि एक संकल्प है।