नोएडा में श्रमिकों के प्रदर्शन के बीच शालिनी सिंह का दौरा
शालिनी सिंह का श्रमिकों से संवाद
नोएडा में श्रमिकों के उग्र प्रदर्शन के बीच, पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह की बेटी शालिनी सिंह हरौला गांव में श्रमिकों से मिलने पहुंचीं। उन्होंने कंपनियों में काम करने वाले श्रमिकों, विशेषकर महिला कर्मचारियों के घर जाकर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का आश्वासन दिया.
श्रमिकों की समस्याएं
दस कमरों में दस परिवारों के साथ एक बाथरूम की स्थिति देखकर शालिनी सिंह ने कहा कि देश को इस आर्थिक संकट से बाहर निकालना आवश्यक है। महिला श्रमिकों ने बताया कि उन्हें उनके नाम पर जारी सैलरी, पीएफ और ईएसआईसी कटौती की सही जानकारी नहीं मिलती। ठेकेदारी प्रथा ने उनकी स्थिति को गंभीर बना दिया है.
श्रमिकों ने क्या कहा?
- श्रमिकों ने बताया कि हाल ही में दो दिन की हड़ताल के दौरान, जब वे अपनी सुरक्षा के लिए घर में थे, तब भी उनका वेतन काट लिया गया, जो अन्यायपूर्ण है.
- उनका आरोप है कि ओवरटाइम का उचित भुगतान नहीं मिलता और छुट्टी की आवश्यकता होने पर भी उन्हें नहीं दी जाती। बिना सूचना के अनुपस्थित होने पर दोहरी कटौती की जाती है, जिससे उनका आर्थिक शोषण हो रहा है.
- महंगाई के इस दौर में, जहां गैस सिलेंडर की कीमतें बढ़ रही हैं और बच्चों की स्कूल फीस भी बढ़ रही है, वहीं पिछले 9-10 वर्षों में उनकी सैलरी में केवल 1000 से 1500 रुपये का इजाफा हुआ है, जिससे परिवार का भरण-पोषण करना कठिन हो गया है.
- इसके अलावा, श्रमिकों ने कंपनी की कैंटीन में निम्न गुणवत्ता का भोजन, कार्यस्थल तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी पैदल चलने की मजबूरी और बीमार होने पर छुट्टी न मिलने जैसी गंभीर समस्याएं साझा कीं.
शालिनी सिंह की प्रतिक्रिया
शालिनी सिंह ने कहा कि यह श्रमिकों के अधिकारों का उल्लंघन है। उन्होंने प्रशासन और संबंधित कंपनियों से आग्रह किया कि श्रमिकों की समस्याओं का तुरंत समाधान किया जाए.