धर्मेंद्र को मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया
राष्ट्रपति मुर्मू ने पद्म पुरस्कार 2026 का वितरण किया
हाल ही में, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने विभिन्न क्षेत्रों के व्यक्तियों को प्रतिष्ठित पद्म पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया। इस विशेष अवसर पर, भारतीय सिनेमा में छह दशकों से अधिक का योगदान देने वाले दिवंगत अभिनेता धर्मेंद्र को मरणोपरांत पद्म विभूषण से नवाजा गया। उनकी पत्नी, अभिनेत्री और राजनेता हेमा मालिनी ने राष्ट्रपति से यह सम्मान ग्रहण किया। धर्मेंद्र के निधन के बाद मिले इस सम्मान ने उनके परिवार को भावुक कर दिया, और सोशल मीडिया पर उनके प्रशंसकों की आंखें भी नम हो गईं। इस समारोह में उनकी एक बेटी अहाना उपस्थित थीं, जबकि ईशा देओल वहां नहीं आ सकीं।
ईशा देओल का भावुक संदेश
पिता को मिले इस सम्मान के बाद, उनकी बड़ी बेटी ईशा देओल ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा किया। ईशा ने इंस्टाग्राम पर अपनी मां हेमा मालिनी की कुछ तस्वीरें साझा कीं, जिसमें वह पुरस्कार लेते समय भावुक नजर आ रही थीं। उन्होंने लिखा, 'यह हमारे लिए गर्व और गहरी भावनाओं का पल है। हम सब दिल से यह दुआ कर रहे थे कि काश पापा इस सम्मान को खुद लेने के लिए हमारे बीच मौजूद होते।' ईशा ने यह भी कल्पना की कि उनके पिता सफेद शर्ट और नीले सूट में कितने हैंडसम लगते।
मां की आंखों में आंसू
ईशा ने आगे बताया कि उनकी छोटी बहन अहाना ने समारोह में शामिल होकर धर्मेंद्र के सभी बच्चों का प्रतिनिधित्व किया। जब हेमा मालिनी मंच पर पुरस्कार लेने पहुंचीं, तो अहाना अपने आंसू नहीं रोक सकीं और ताली बजाते हुए रो पड़ीं। यह भावुक क्षण सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। ईशा ने लिखा, 'जब मेरी मां ने यह सम्मान स्वीकार किया, तो हमारी छोटी बहन अहाना ने हम सभी का प्रतिनिधित्व किया। पापा के सम्मान में तालियां बजाते हुए उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। वह हमारे दिलों में हमेशा जिंदा रहेंगे।'
धर्मेंद्र का अद्भुत सफर
इस सम्मान से पहले, हेमा मालिनी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि ईशा देओल भी इस समारोह में शामिल होना चाहती थीं, लेकिन कुछ निजी कारणों से वह नहीं आ सकीं। उन्होंने कहा, 'यह मेरे लिए एक बहुत ही भावुक पल है। आज अहाना मेरे साथ है। पूरा देओल परिवार इस सम्मान से खुश है।' उल्लेखनीय है कि धर्मेंद्र ने 300 से अधिक फिल्मों में काम किया और हाल ही में लंबी बीमारी के बाद उनका निधन हुआ। उनकी अंतिम फिल्म 'इक्कीस' उनके निधन के बाद 1 जनवरी को रिलीज हुई थी। भले ही वह अब हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन पद्म विभूषण के रूप में उनका योगदान हमेशा अमर रहेगा।