दिल्ली में कानून-व्यवस्था पर केजरीवाल का हमला, मंदिर में हत्या की घटना पर उठाए सवाल
केजरीवाल का तीखा बयान
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी में कानून-व्यवस्था को लेकर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी पर कड़ा प्रहार किया। कालकाजी मंदिर में 'चुन्नी प्रसाद' से जुड़े विवाद में एक सेवादार की हत्या की घटना ने उन्हें यह कहने पर मजबूर किया कि क्या इस तरह की घटनाएँ अब मंदिरों में भी होने लगी हैं। केजरीवाल ने X पर एक पोस्ट में सवाल उठाया कि क्या इन बदमाशों के हाथ हत्या करने से पहले नहीं काँपे?
भाजपा पर आरोप
केजरीवाल ने भाजपा के चार इंजनों की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने दिल्ली को इस स्थिति में पहुँचा दिया है। उन्होंने यह भी पूछा कि क्या दिल्ली में कोई सुरक्षित है? दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस केवल कानून का पालन करने वाले नागरिकों को डराने में लगी है। उन्होंने कहा कि पुलिस राजनीतिक कार्यों में व्यस्त है और चोरों तथा गुंडों को कोई डर नहीं है।
हत्या की घटना का विवरण
कालकाजी मंदिर में 35 वर्षीय सेवादार योगेंद्र सिंह की हत्या कर दी गई। पुलिस के अनुसार, योगेंद्र सिंह पिछले 14-15 वर्षों से मंदिर में सेवा कर रहे थे। रात करीब 9:30 बजे पुलिस को एक पीसीआर कॉल मिली और वे तुरंत घटनास्थल पर पहुँचे। पूछताछ में पता चला कि आरोपी दर्शन के लिए आए थे और 'चुन्नी प्रसाद' मांगने पर बहस हो गई।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने बताया कि पीड़ित को तुरंत एम्स ट्रॉमा सेंटर ले जाया गया, जहाँ इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस मामले में बीएनएस की धारा 103(1)/3(5) के तहत मामला दर्ज किया गया है। एक आरोपी, अतुल पांडे, को स्थानीय लोगों ने मौके पर पकड़ लिया और पुलिस को सौंप दिया। अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है और उन्हें पकड़ने के प्रयास जारी हैं।