दिल्ली में 200 नई इलेक्ट्रिक बसों का आगाज, महिलाओं के लिए विशेष सेवाएं भी शुरू
दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन का नया अध्याय
दिल्ली सरकार ने सार्वजनिक परिवहन को और अधिक आधुनिक और पर्यावरण के अनुकूल बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में, राजधानी में 200 नई जीरो-एमिशन इलेक्ट्रिक बसें शामिल की जाएंगी। इसके साथ ही, महिलाओं और छात्राओं की सुविधा के लिए 56 विशेष बस सेवाएं भी शुरू की जाएंगी।
नई बसों से होगा सार्वजनिक परिवहन का विस्तार
इन नई बसों के जुड़ने से दिल्ली के सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क को मजबूती मिलने की उम्मीद है। अधिकारियों का कहना है कि इन बसों में आधुनिक यात्री सुविधाएं जैसे CCTV कैमरे, पैनिक बटन, रियल-टाइम ट्रैकिंग और दिव्यांग यात्रियों के लिए सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
ई-बस बेड़े में वृद्धि
नई बसों के आगमन से दिल्ली के कुल बस बेड़े में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या में इजाफा होगा। प्रस्तावित 200 बसों में 88 बसें 12 मीटर लंबी और 112 DEVI 9 मीटर वाली इलेक्ट्रिक बसें शामिल हैं। ये बसें लो-फ्लोर और एयर-कंडीशंड होंगी, जिससे यात्रियों को यात्रा में अधिक सुविधा मिलेगी।
महिलाओं और छात्राओं के लिए विशेष सेवाएं
महिलाओं और छात्राओं की यात्रा को सरल बनाने के लिए 56 विशेष बस सेवाएं शुरू करने की योजना बनाई गई है। इनमें 15 हाई-डिमांड रूट्स पर 30 Ladies Special ट्रिप्स और 13 रूट्स पर 26 University Ladies Special ट्रिप्स शामिल हैं।
इलेक्ट्रिक बसों से संचालित विशेष सेवाएं
इन महिला-केंद्रित सेवाओं को इलेक्ट्रिक DEVI बसों से चलाने का प्रस्ताव है, जिससे स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा मिलेगा। बसों पर विशेष स्टिकर लगाए जाएंगे, जिससे यात्री इन्हें आसानी से पहचान सकेंगे।
दिल्ली-कर्नाल के बीच ई-बस सेवा
दिल्ली से बाहर कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए दिल्ली-कर्नाल इंटरस्टेट इलेक्ट्रिक बस सेवा भी शुरू की जा रही है। इस रूट पर पांच पूरी तरह इलेक्ट्रिक और एयर-कंडीशंड बसें चलेंगी।
भविष्य की योजनाएं
दिल्ली सरकार ने आने वाले वर्षों में सार्वजनिक परिवहन के बेड़े को और बड़ा करने का लक्ष्य रखा है। अधिकारियों के अनुसार, वित्त वर्ष 2028-29 तक दिल्ली के बस बेड़े को करीब 14,000 बसों तक पहुंचाने की योजना है।
निष्कर्ष
कुल मिलाकर, 200 नई इलेक्ट्रिक बसों और 56 महिला विशेष सेवाओं की शुरुआत से दिल्ली के सार्वजनिक परिवहन में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिल सकता है। इससे यात्रियों को आधुनिक सुविधाओं वाली बसें मिलेंगी और शहर में जीरो-एमिशन सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।