तेज़ पत्ते का काढ़ा: स्वास्थ्य के लिए अद्भुत लाभ
तेज़ पत्ते के काढ़े के फायदे
चाहे तेजपत्ते का काढ़ा हो या सोंठ का, ये सभी औषधीय गुणों से भरपूर होते हैं। तेज पत्ता, जो हर भारतीय रसोई में पाया जाता है, न केवल सब्जियों का स्वाद बढ़ाता है, बल्कि इसके कई स्वास्थ्य लाभ भी हैं। बचपन से हम विभिन्न प्रकार के काढ़े का सेवन करते आए हैं, लेकिन तेज पत्ते के काढ़े के विशेष गुणों पर ध्यान देना आवश्यक है।
तेज़ पत्ता केवल सब्जियों के स्वाद को बढ़ाने का काम नहीं करता, बल्कि इसमें कई औषधीय गुण भी होते हैं। इसके गुणों को समझना और सही तरीके से उपयोग करना महत्वपूर्ण है।
तेज़ पत्ते में मौजूद पोषक तत्व जैसे कॉपर, पोटेशियम, कैल्शियम, मैग्नीशियम, सेलेनियम और आयरन कई बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं। इसके एंटीऑक्सीडेंट गुण कैंसर और हृदय संबंधी समस्याओं से भी सुरक्षा प्रदान करते हैं।
कोरोना काल में काढ़े का उपयोग बढ़ा है, इसलिए आइए जानते हैं कि तेज पत्ते का काढ़ा कैसे बनाया जाए और इसके स्वास्थ्य लाभ क्या हैं।
तेज़ पत्ते का काढ़ा बनाने की विधि
तेज़ पत्ते का काढ़ा बनाने के लिए 10 ग्राम तेजपत्ता, 10 ग्राम अजवायन और 5 ग्राम सौंफ को एक साथ पीसकर मिश्रण तैयार करें। फिर इस मिश्रण को 1 लीटर पानी में डालकर उबालें। जब पानी 100-150 मिलीलीटर रह जाए, तो गैस बंद कर दें। ठंडा होने पर इसका सेवन करें। यह काढ़ा सिरदर्द, कमर दर्द, सर्दी और मोच के लिए लाभकारी है।
तेज़ पत्ते का काढ़ा दिल और कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों में भी फायदेमंद होता है। इसके अलावा, किडनी स्टोन जैसी समस्याओं में भी इसका उपयोग लाभकारी सिद्ध हो सकता है।
रात को सोने से पहले तेजपत्ते के तेल की कुछ बूंदें पानी में मिलाकर पीने से अच्छी नींद आती है। यह टाइप-2 डायबिटीज के रोगियों के लिए भी फायदेमंद है, क्योंकि यह ब्लड शुगर के स्तर को नियंत्रित करता है।
कुल मिलाकर, तेज पत्ता स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी है, चाहे उसका उपयोग काढ़े के रूप में हो या अन्य तरीकों से।